सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के सुपर लीग स्टेज में क्रिकेट फैंस को ऐसा मुकाबला देखने को मिला, जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। पुणे के डीवाई पाटिल स्टेडियम में खेले गए इस हाई स्कोरिंग मैच में झारखंड ने पंजाब को हराकर इतिहास रच दिया। मैच में चौके-छक्कों की बरसात हुई और दोनों टीमों ने मिलकर 400 से ज्यादा रन ठोक दिए। ईशान किशन की कप्तानी में झारखंड ने सुपर लीग में जीत के साथ शानदार शुरुआत की और अहम 4 अंक अपने नाम किए।
पंजाब ने बनाया विशाल स्कोर
पहले बल्लेबाजी करते हुए पंजाब की टीम ने 20 ओवर में 6 विकेट पर 235 रन का बड़ा स्कोर खड़ा किया। पंजाब के लिए सलिल अरोड़ा ने ऐतिहासिक पारी खेलते हुए सिर्फ 39 गेंदों में शतक जड़ा। उन्होंने 45 गेंदों पर नाबाद 125 रन बनाए, जिसमें 9 चौके और 11 छक्के शामिल थे। हालांकि सलिल के अलावा पंजाब का कोई भी बल्लेबाज 30 रन का आंकड़ा पार नहीं कर सका। झारखंड की ओर से गेंदबाजी में सुशांत मिश्रा और बाल कृष्ण सबसे सफल रहे, जिन्होंने 2-2 विकेट लेकर रन फ्लो पर कुछ हद तक लगाम लगाने की कोशिश की।
ईशान की शुरुआत, कुशाग्र का तूफान
235 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी झारखंड की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया। कप्तान ईशान किशन ने 23 गेंदों पर 47 रन बनाकर तेज शुरुआत दिलाई। इसके बाद कुमार कुशाग्र ने ऐसी पारी खेली, जिसने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। कुशाग्र ने 42 गेंदों पर नाबाद 86 रन बनाए, जिसमें 8 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। उनके अलावा अनुकूल रॉय ने 37 रन और पंकज कुमार ने 39 रनों की अहम पारी खेली। झारखंड ने महज 18.1 ओवर में 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया।
इतिहास में दर्ज सबसे बड़ा रन चेज
इस मुकाबले में दोनों टीमों ने मिलकर कुल 432 रन बनाए, जो टी20 क्रिकेट में बेहद दुर्लभ है। सबसे खास बात यह रही कि यह सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के इतिहास का सबसे बड़ा रन चेज बन गया। झारखंड ने मुंबई का पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया, जिसने 2024 में आंध्र प्रदेश के खिलाफ 230 रन का लक्ष्य हासिल किया था। इस जीत के साथ झारखंड ने सुपर लीग में अपने इरादे साफ कर दिए हैं और बाकी टीमों को भी बड़ा संदेश दे दिया है कि इस बार ईशान किशन की टीम किसी से कम नहीं है।