Gautam Buddha Nagar: गौतमबुद्ध नगर में पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने 1 जनवरी 2023 से 24 नवंबर 2025 तक अपराधियों के खिलाफ जो “सर्जिकल स्ट्राइक” चलाई है, उसके नतीजे चौंकाने वाले हैं। पुलिस कमिश्नरेट से मिले आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार इस अवधि में 568 कुख्यात अपराधियों को जिला बदर कर बाहर का रास्ता दिखाया गया, 265 को रोज थाने में हाजिरी देने की सजा दी गई और सबसे बड़ी मार यह कि गैंग्स्टर एक्ट के मात्र 65 मामलों में अपराधियों-माफिया की 333 करोड़ 84 लाख 79 हजार 465 रुपये की अवैध संपत्ति हमेशा के लिए जब्त कर ली गई।
गैंग्स्टर एक्ट से उसकी गाढ़ी कमाई छीनी गई
यह कोई साधारण पुलिसिया आंकड़ा नहीं, बल्कि नोएडा-ग्रेटर नोएडा को माफिया-मुक्त बनाने की एक सुनियोजित जंग का परिणाम है। लक्ष्मी सिंह ने पद संभालते ही “ज़ीरो टॉलरेंस” को सिर्फ़ नारा नहीं, हथियार बना लिया। अपराधी को पकड़ना काफी नहीं था; उसकी कमर तोड़नी थी। इसलिए गुंडा एक्ट से उसका इलाका छीना गया, गैंग्स्टर एक्ट से उसकी गाढ़ी कमाई छीनी गई।
81 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति कुर्क
2023 में नींव पड़ी। 280 अपराधियों को जिला बदर करके और 81 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति कुर्क करके मैदान साफ किया गया। 2024 में रफ्तार और तेज हुई; भले ही केस कम हुए, लेकिन एक-एक केस में औसतन 8 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति जब्त करके अपराधियों को संदेश दे दिया गया कि अब छोटी-मोटी कमाई भी सुरक्षित नहीं रहेगी। और 2025 तो रिकॉर्ड बनाने वाला साल बन गया; अभी साल खत्म भी नहीं हुआ कि 155 अपराधी जिला बदर हो चुके हैं और सिर्फ़ 10 मामलों में 119 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति पर ताला लग चुका है।
अब लोग बेखौफ़ घूम रहे
ये आंकड़े सिर्फ़ कागज पर नहीं, ज़मीन पर दिख रहे हैं। पहले जिन इलाकों में रात को निकलना मुश्किल था, वहाँ अब लोग बेखौफ़ घूम रहे हैं। अवैध कब्ज़े वाली बिल्डिंगें, लग्जरी गाड़ियाँ, प्लॉट और होटल – सब अब या तो सरकारी खाते में हैं या नीलाम होने की कतार में खड़े हैं।लक्ष्मी सिंह का संदेश साफ है – “अपराध करो तो जेल, कमाओ तो वह भी हमारी।”और यह अभियान थमा नहीं है; यह तो अभी और तेज होने वाला है। नोएडा-ग्रेटर नोएडा अब अपराधियों के लिए “नो गो ज़ोन” बन चुका है।