मेरठ। डेढ़ माह से लापता चल रही कबड्डी की नेशनल खिलाड़ी का शव पुलिस ने आरोपी फास्ट फूड संचालक की निशानदेही पर रोहटा बाईपास नाले से बरामद कर लिया है। हत्या उधार के रुपये मांगने को लेकर हुए विवाद में आरोपी ने की थी। हालांकि शव की पहचान को लेकर सोमवार को पुलिस और परिजनों में कई घंटे तक जद्दोजहद भी चली थी, क्योंकि खिलाड़ी के परिजनों का कहना था कि शव उनकी बेटी का नहीं हैं। कई घंटे नाले के सर्च अभियान के बाद खिलाड़ी के मिले मोबाइल की बाद परिजन माने। इसके बावजूद पुलिस खिलाड़ी के शव और परिजनों का डीएनए टेस्ट कराएगी। ताकि आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दिला सके। उधर, शाम को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों ने बेटी के शव का गांव में अंतिम संस्कार कर दिया।
यह था मामला
मेरठ के दौराला थाना क्षेत्र के चिरौड़ी गांव निवासी नेमपाल की 17 वर्षीय बेटी अनुष्का कबड्डी की नेशनल खिलाड़ी थी और अपने छोटे भाई अनमोल के साथ दो साल से कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र के शोभापुर में किराए के कमरे में रह रही थी। वह राष्ट्रीय स्तर की कबड्डी की प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले चुकी थी और 12वीं की छात्रा भी थी।। 16 अप्रैल से वह लापता थी। काफी तलाशने के बाद भी जब उसका कुछ पता नहीं चला तो परिजनों ने 28 अप्रैल को कंकरखेड़ा थाने में गुमशुदगी दर्ज करा दी थी, लेकिन कंकरखेड़ा थाना पुलिस ने अनुष्का के लापता होने की घटना को गंभीरता से नहीं लिया था। कंकरखेड़ा थाना पुलिस की कार्यशैली से नाराज परिजनों ने 30 मई को एसएसपी ऑफिस पहुंच कर बेटी को बरामद करने की गुहार लगाई थी। इसके बाद पुलिस हरकत में आई। पुलिस ने अनुष्का हत्याकांड के आरोपी 42 वर्षीय श्याम धानक मूल निवासी 324 लकी बाग देहरादून हाल निवासी शोभापुर कट रोहटा रोड थाना कंकरखेड़ा को चंडीगढ़ से गिरफ्तार कर लाई थी।
3600 उधार के रुपये न देने पर कर दिया कत्ल
एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया, अनुष्का की तलाश के लिए एसएसपी अविनाश पांडेय ने तीन टीमें गठित की थी, जिसमें सर्विलांस टीम को भी लगाया गया था। जांच के दौरान फास्ट फूड संचालक श्याम धानक पर संदेह हुआ तो वह पुलिस से बचने के लिए चंडीगढ़ मोहाली में छिपकर बैठ गया था। उसकी तलाश में दो बार पुलिस चंडीगढ़ गई थी, लेकिन वह पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा। उन्होंने बताया, एडवांस टेक्निकल इंटेलिजेंस की मदद से रविवार को आरोपी श्याम धानक को गिरफ्तार कर लिया और देर रात आरोपी की निशानदेही पर रोहटा बाईपास नाले से शव बरामद किया गया। आरोपी ने अनुष्का उर्फ रिया की हत्या का इकबाल करते हुए बताया, वह शोभापुर कट के पास फास्ट फूड की दुकान करता है और दुकान में ही सो जाता है। अनुष्का अक्सर उसके पास आती थी। जान पहचान होने का बाद अनुष्का उससे रुपये भी उधार लेती थी। उधार के 3600 रुपये मांगने पर घटना वाले दिन उसका अनुष्का से विवाद हो गया था। इसी विवाद में उसने सिर पर ईट से वार अनुष्का की हत्या कर दी और शव को बोरे में भरकर रोहटा बाईपास रोड के पास नाले में फेंक दिया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए चंडीगढ़ चला गया था। सोमवार को पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया।
पुलिस कराएगी डीएनए टेस्ट
शव काफी पुराना होने के कारण परिजनों ने सोमवार को बेटी अनुष्का का शव पहचाने से इनकार कर दिया। अनुष्का की मां का कहना था कि बेटी छोटे बाल रखती थी और जींस नहीं पहनती थी। इसमें फंसे पेंच को सुलझाने के लिए अनुष्का के पुराने फोटो एकत्र किए, जिसमें वह जींस पहने हुए थे। साथ ही पुलिस ने सोमवार को फिर से नाले में सर्च ऑपरेशन चलाकर अनुष्का का मोबाइल बरामद किया और घटना वाले दिन के सीसीटीवी फुटेज खंगाली। इसके बाद परिजनों को विश्वास हुआ की शव अनुष्का का है, क्योंकि मोबाइल की पहचान उसके भाई ने की थी। अब पुलिस आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने के लिए अनुष्का के शव और परिजनों की डीएनए टेस्ट कराएगी। साथ ही अनुष्का के मोबाइल का डाटा भी रिकवर करेगी, क्योंकि जांच के दौरान पुलिस को पता चला है कि घटना वाले दिन आरोपी ने अनुष्का को काल की थी।