Aaj Ka Panchang 21 July 2026: आज मंगलवार, 21 जुलाई 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आज गुप्त नवरात्रि की दुर्गाष्टमी तिथि है, जिसे मां दुर्गा की विशेष आराधना के लिए शुभ माना जाता है। इस दिन साधक मां महागौरी और दुर्गा के विभिन्न स्वरूपों की विधि-विधान से पूजा-अर्चना करते हैं। किसी भी शुभ कार्य या पूजा से पहले पंचांग में तिथि, वार, नक्षत्र, योग, करण और राहुकाल की जानकारी लेना लाभकारी माना जाता है। आइए जानते हैं आज का शुभ मुहूर्त और पंचांग से जुड़ी प्रमुख बातें।
दुर्गाष्टमी पर पूजा का महत्व और शुभ मुहूर्त
गुप्त नवरात्रि की दुर्गाष्टमी तंत्र साधना, शक्ति उपासना और देवी पूजा के लिए विशेष फलदायी मानी जाती है। इस दिन सुबह स्नान के बाद मां दुर्गा की प्रतिमा या चित्र के सामने दीप प्रज्वलित कर लाल पुष्प, चुनरी, अक्षत, फल और मिठाई अर्पित करना शुभ माना जाता है। श्रद्धालु दुर्गा सप्तशती का पाठ, देवी कवच और अष्टमी पूजन भी करते हैं। ब्रह्म मुहूर्त और अभिजीत मुहूर्त सहित प्रातःकाल का समय पूजा के लिए विशेष रूप से शुभ माना जाता है।
राहुकाल और आज का संपूर्ण पंचांग
मंगलवार के दिन राहुकाल में शुभ और मांगलिक कार्यों से बचने की परंपरा है। पंचांग के अनुसार आज तिथि, नक्षत्र, योग और करण का विशेष संयोग बन रहा है, जो धार्मिक अनुष्ठानों के लिए अनुकूल माना जाता है। वहीं, सूर्योदय और सूर्यास्त के समय के अनुसार राहुकाल की अवधि का ध्यान रखते हुए पूजा या नए कार्यों की शुरुआत करना बेहतर माना जाता है। पंचांग का पालन करने से शुभ समय का चयन करना आसान हो जाता है।
आज करें मां दुर्गा की विशेष आराधना
दुर्गाष्टमी के दिन मां दुर्गा को लाल पुष्प, सिंदूर, लौंग, इलायची और नारियल अर्पित करना शुभ माना जाता है। कन्या पूजन और जरूरतमंदों को भोजन कराने का भी विशेष महत्व बताया गया है। मान्यता है कि श्रद्धापूर्वक की गई देवी उपासना से जीवन में सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। इस दिन सात्विक भोजन, संयम और धार्मिक कार्यों में समय देना विशेष पुण्यदायी माना जाता है।
पंचांग का महत्व क्यों है?
सनातन परंपरा में पंचांग को समय निर्धारण का महत्वपूर्ण आधार माना गया है। तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार के आधार पर ही पूजा-पाठ, व्रत, यात्रा, निवेश और अन्य शुभ कार्यों का समय तय किया जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार शुभ मुहूर्त में किए गए कार्यों से सफलता की संभावना बढ़ती है। इसलिए किसी भी महत्वपूर्ण कार्य की शुरुआत से पहले पंचांग का अवलोकन करना और राहुकाल से बचना शुभ माना जाता है।