Ajab Gajab : पुनर्जन्म यानी मरने के बाद किसी नए शरीर में आत्मा का प्रवेश – यह विचार हजारों सालों से भारतीय संस्कृति और दर्शन का हिस्सा रहा है. कुछ लोग इसे अंधविश्वास मानते हैं, तो कुछ के लिए यह एक अटल सत्य है. लेकिन जब कोई बच्चा जन्म लेते ही अपने पिछले जन्म की बातें बताने लगे – वो भी ऐसी बातें जो पूरी तरह सच साबित हो जाएँ – तब विज्ञान भी चुप हो जाता है. आज हम आपको एक ऐसी ही सच्ची घटना से रूबरू कराने जा रहे हैं, जो पुनर्जन्म की अवधारणा को नई रोशनी में पेश करती है.
यह कहानी है भारत के उत्तर प्रदेश राज्य के कन्नौज जिले के एक छोटे से गांव की, जहाँ एक लड़का, रवि, ने जन्म लेते ही अजीब बातें कहनी शुरू कर दीं. जब वह बोलने लगा, तो वह बार-बार "मैं सत्यवान हूँ, मेरी हत्या हुई थी" जैसी बातें कहता रहता था. उसके माता-पिता ने शुरुआत में इसे बच्चे की कल्पना समझा, लेकिन जब वह एक अलग गांव का नाम लेकर वहाँ जाने की ज़िद करने लगा, तो परिवार ने जिज्ञासावश उसे वहाँ ले जाने का निर्णय लिया.
जब रवि उस अनजान गांव पहुँचा, तो उसने सीधा एक घर की ओर इशारा किया और कहा, "यह मेरा घर था. यही मेरी मां थी।" घर के लोग हैरान रह गए, क्योंकि कुछ साल पहले उनके बेटे सत्यवान की संदिग्ध हालात में मौत हो गई थी. रवि ने घर की ऐसी-ऐसी बातें बताईं जो कोई बाहरी व्यक्ति नहीं जान सकता था – जैसे अलमारी में रखे पुराने सिक्के, दीवार के पीछे दबा एक खिलौना, और यहाँ तक कि उसकी हत्या की रात क्या हुआ था.
उसकी बताई गई जानकारी पर जब गाँव वालों ने जांच करवाई, तो कई बातें सच निकलीं. हत्या की गुत्थी, जो सालों से रहस्य बनी हुई थी, धीरे-धीरे सुलझने लगी. पुलिस ने दोबारा मामला खोला और एक आरोपी को गिरफ्तार भी किया गया.
यह घटना न सिर्फ गांव वालों बल्कि मीडिया और विज्ञान जगत के लिए भी चौंकाने वाली थी. कई विशेषज्ञों ने उस लड़के की मानसिक स्थिति की जांच की, लेकिन किसी ने कोई असामान्य बात नहीं पाई. रवि की कहानी पुनर्जन्म के सिद्धांत को मजबूत करती है और यह सवाल खड़ा करती है – क्या आत्मा वास्तव में अमर है? क्या मृत्यु अंत नहीं, बल्कि एक नई शुरुआत है?