अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर कड़े आव्रजन नियंत्रण का संकेत देते हुए कहा है कि उनका प्रशासन ‘थर्ड वर्ल्ड देशों’ से होने वाले माइग्रेशन को पूरी तरह से रोकने की दिशा में काम करेगा। ट्रंप का यह बयान व्हाइट हाउस के पास हुई गोलीबारी की घटना के अगले ही दिन सामने आया, जिसमें एक अफगान नागरिक की फायरिंग से घायल हुए दो नेशनल गार्ड जवानों में से एक की इलाज के दौरान मौत हो गई। इस घटना ने सुरक्षा एजेंसियों और प्रशासन दोनों को सतर्क कर दिया है। ट्रंप ने कहा कि वह अमेरिकी सिस्टम को “रीसेट” करने के लिए आव्रजन नीतियों का बड़े पैमाने पर पुनर्गठन करेंगे।
माइग्रेशन बैन की दिशा में बड़ा कदम
ट्रंप ने अपने आधिकारिक सोशल प्लेटफॉर्म पर लिखते हुए कहा कि अमेरिका अब उन देशों से आने वाले लोगों के लिए दरवाजे बंद करेगा जिनसे सुरक्षा को खतरा महसूस होता है। उनके अनुसार, यह कदम अमेरिकी सामाजिक और सुरक्षा तंत्र को स्थिर करने के लिए आवश्यक है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले कार्यकाल में लाखों अवैध प्रवेश हुए, जिनकी वजह से देश को नुकसान उठाना पड़ रहा है।
‘अमेरिका के लिए उपयोगी नहीं तो देश से बाहर’
अपने बयान में ट्रंप ने स्पष्ट किया कि सरकार उन लोगों को देश से बाहर करेगी जो अमेरिकी हितों के प्रति नकारात्मक रुख रखते हैं या देशप्रेम नहीं दिखाते। उन्होंने कहा कि गैर-नागरिकों को मिलने वाले सभी संघीय लाभ खत्म किए जाएंगे और जो विदेशी ‘सुरक्षा जोखिम’ पैदा करते हैं, उनकी नागरिकता भी रद्द की जा सकती है।
ग्रीन कार्ड मामलों की समीक्षा तेज
व्हाइट हाउस के पास हुई घटना के बाद प्रशासन ने अफगानिस्तान सहित 19 देशों के लोगों को जारी किए गए स्थायी निवास (ग्रीन कार्ड) के मामलों की समीक्षा की घोषणा की है। ट्रंप ने दावा किया कि कुछ आव्रजन मामलों को कथित रूप से “गैर-कानूनी प्रक्रिया” के जरिए मंजूरी दी गई थी, जिनकी जांच अब तेज की जाएगी।