Amid Rising Attacks in the Black Sea: यूक्रेन और रूस के बीच जारी युद्ध का असर अब ब्लैक सी (काला सागर) के समुद्री मार्गों पर भी लगातार दिखाई दे रहा है। हाल के दिनों में इस क्षेत्र से गुजरने वाले कई व्यापारिक जहाज मिसाइल और ड्रोन हमलों का निशाना बने हैं। इन घटनाओं में कई लोगों की जान गई है, जिनमें पांच भारतीय नागरिक भी शामिल हैं। बढ़ते सुरक्षा जोखिमों को देखते हुए भारत सरकार ने ब्लैक सी क्षेत्र में काम कर रहे या वहां नौकरी के लिए जाने की तैयारी कर रहे भारतीय नागरिकों के लिए नई एडवाइजरी जारी की है। सरकार ने सभी से पूरी सावधानी बरतने और सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
सरकार ने अपनी सलाह में कहा है कि किसी भी व्यापारिक जहाज पर नौकरी स्वीकार करने से पहले उससे जुड़े सुरक्षा जोखिमों का गंभीरता से मूल्यांकन करना आवश्यक है। भारतीय नागरिकों को जहाज के तय रूट, किन-किन बंदरगाहों पर उसका संचालन होगा, वहां की सुरक्षा व्यवस्था, बीमा सुविधाओं और आपातकालीन इंतजामों की पूरी जानकारी नियोक्ता, भर्ती एजेंसी और शिप ऑपरेटर से प्राप्त करनी चाहिए। बिना पूरी जानकारी के जोखिम वाले समुद्री मार्गों पर कामएडवाइजरी में यह भी कहा गया है कि रोजगार अनुबंध में चिकित्सा सुविधा, आपातकालीन निकासी, स्वदेश वापसी और किसी दुर्घटना की स्थिति में मुआवज़े से जुड़े प्रावधान स्पष्ट रूप से शामिल होने चाहिए। इसके साथ ही भारतीय नागरिकों को अपनी यात्रा, जहाज के रूट और संपर्क संबंधी जानकारी अपने परिवार के साथ साझा करने तथा नियमित रूप से उनसे संपर्क करने से बचने की भी सलाह दी गई है।
परिवार से संपर्क पर जोर
एडवाइजरी में यह भी कहा गया है कि रोजगार अनुबंध में चिकित्सा सुविधा, आपातकालीन निकासी, स्वदेश वापसी और किसी दुर्घटना की स्थिति में मुआवज़े से जुड़े प्रावधान स्पष्ट रूप से शामिल होने चाहिए। इसके साथ ही भारतीय नागरिकों को अपनी यात्रा, जहाज के रूट और संपर्क संबंधी जानकारी अपने परिवार के साथ साझा करने तथा नियमित रूप से उनसे संपर्क बनाए रखने की सलाह दी गई है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में समय पर सहायता मिल सके।
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सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील
भारत सरकार ने भारतीय समुद्री प्रशासन (डीजीएमए), केंद्र सरकार और संबंधित अंतरराष्ट्रीय समुद्री प्राधिकरणों द्वारा जारी सभी सुरक्षा निर्देशों का सख्ती से पालन करने की अपील की है। विशेष रूप से 23 जुलाई 2026 को जारी डीजीएमए की सुरक्षा एडवाइजरी का पालन करने पर जोर दिया गया है। सरकार का कहना है कि मौजूदा परिस्थितियों में सतर्कता और आधिकारिक दिशा-निर्देशों का पालन ही सुरक्षा सुनिश्चित करने का सबसे प्रभावी उपाय है।
हेल्पलाइन नंबर भी किए साझा
विदेश मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि किसी भारतीय नागरिक को रूस या यूक्रेन में कांसुलर सहायता की आवश्यकता पड़ती है तो वह संबंधित भारतीय दूतावास या वाणिज्य दूतावास से तुरंत संपर्क कर सकता है। इसके लिए रूस स्थित भारतीय दूतावास का हेल्पलाइन नंबर +7 9652773414 और यूक्रेन स्थित भारतीय दूतावास का हेल्पलाइन नंबर +38 0933559958 जारी किया गया है। सरकार ने जरूरत पड़ने पर इन हेल्पलाइन सेवाओं का उपयोग करने और किसी भी आपात स्थिति की जानकारी तुरंत संबंधित अधिकारियों को देने की सलाह दी है।