ASI हरजीत सिंह पर कैसे हुआ हमला?
घटना अमृतसर की है, जहां सुबह करीब ढाई से 3 बजे के बीच भगतांवाला दाना मंडी के पास ASI हरजीत सिंह पर फायरिंग की गई। जानकारी के मुताबिक, दो हमलावरों ने उन पर गोलियां चलाईं। गंभीर रूप से घायल ASI को अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी और हमलावरों की तलाश शुरू की।
क्या है तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान?
तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान यानी TTH का नाम पंजाब में सामने आने वाली कुछ टारगेट किलिंग और पुलिसकर्मियों पर हमलों के मामलों में जुड़ा रहा है। दिए गए इनपुट के मुताबिक, इसे किसी स्वतंत्र और स्थापित आतंकी संगठन के बजाय एक कथित प्रॉक्सी नेटवर्क के तौर पर देखा जाता है। इस नेटवर्क के जरिए पंजाब और दिल्ली-NCR में हिंसक गतिविधियों को अंजाम दिए जाने के दावे सामने आते रहे हैं।
पहले भी कई घटनाओं में आया नाम
TTH का नाम इससे पहले भी पंजाब की कुछ हिंसक घटनाओं में सामने आने की बात कही गई है। फरवरी 2026 में गुरदासपुर के अधियां गांव में एक युवक की घर में घुसकर हत्या के मामले में भी संगठन की ओर से जिम्मेदारी लेने का दावा सामने आया था। अमृतसर के मजीठा इलाके में ASI जोगा सिंह की हत्या और अजनाला में 11 सितंबर को एक ASI पर हुए हमले के संदर्भ में भी TTH का नाम चर्चा में रहा है।
शहजाद भट्टी से क्या कनेक्शन?
इनपुट के मुताबिक, TTH का नेटवर्क पाकिस्तान में बैठे शहजाद भट्टी से जुड़ा बताया जाता है। दावा है कि सीमा पार से ड्रोन के जरिए हथियार और ड्रग्स भेजे जाते हैं और स्थानीय अपराधियों या युवाओं को पैसों का लालच देकर नेटवर्क में शामिल किया जाता है। इसके बाद पुलिसकर्मियों को निशाना बनाने जैसी घटनाओं को अंजाम देने की बात कही गई है। इन गतिविधियों के प्रचार के लिए 'अल-बुरक स्क्वाड' नाम का एक विंग इस्तेमाल किए जाने का भी दावा है।
पुलिस और खुफिया एजेंसियां कर रहीं जांच
ASI हरजीत सिंह की हत्या के बाद पंजाब पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है। बॉर्डर इलाकों में भी सतर्कता बढ़ाई गई है। पुलिस और खुफिया अधिकारी TTH की ओर से किए गए जिम्मेदारी के दावे की तकनीकी जांच कर रहे हैं। फिलहाल संगठन की भूमिका और हमले से जुड़े नेटवर्क की पूरी तस्वीर जांच के बाद ही स्पष्ट होगी। इस बीच मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मृतक ASI के परिवार को एक करोड़ रुपये की सहायता देने का ऐलान किया है।