Ankit Baliyan Murder Case : अंकित बालियान हत्याकांड में उत्तर प्रदेश पुलिस और एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। संयुक्त कार्रवाई में मामले से जुड़े दो शूटर मुठभेड़ में मारे गए हैं। इस दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए। पुलिस का कहना है कि घटना की गंभीरता को देखते हुए शुरुआत से ही बड़े स्तर पर जांच चल रही थी और लगातार सुराग जुटाए जा रहे थे।
11 टीमों को मिली जिम्मेदारी
डीजीपी राजीव कृष्ण के मुताबिक 26 अगस्त की शाम अंकित बालियान की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वारदात के तुरंत बाद आरोपियों की तलाश के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया। जांच के लिए 11 पुलिस अधिकारियों की टीम बनाई गई, जिसमें 4 एडिशनल एसपी भी शामिल थे। पुलिस ने घटनास्थल से मिले सबूतों, तकनीकी जानकारी और अन्य सुरागों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया।
पहले हुई थी रेकी
जांच में सामने आया कि हत्या अचानक नहीं की गई थी। आरोपियों ने वारदात से पहले अंकित बालियान की गतिविधियों पर नजर रखी थी। विशेष रूप से उनके जिम आने-जाने के समय और रोजमर्रा की दिनचर्या की जानकारी जुटाई गई। पुलिस का दावा है कि पूरी योजना तैयार करने के बाद ही शूटरों ने मौके का इंतजार किया और फिर हमला किया।
29 अगस्त तक हुई पहचान
डीजीपी ने बताया कि पुलिस ने 29 अगस्त तक हत्याकांड में शामिल आरोपियों की पहचान कर ली थी। इसके बाद उनके आपराधिक रिकॉर्ड और नेटवर्क की जांच शुरू की गई। जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि आरोपियों को किस तरह की मदद मिली और वारदात की तैयारी में किन लोगों की भूमिका रही। पुलिस का मानना है कि कई अहम कड़ियां अभी सामने आनी बाकी हैं।
गोगी गैंग कनेक्शन की जांच
पुलिस जांच में कथित तौर पर गोगी गैंग का नाम भी सामने आया है। इसी एंगल से पूरे मामले की पड़ताल की जा रही है। डीजीपी ने 2021 के रोहिणी कोर्ट शूटआउट का भी जिक्र किया और बताया कि उससे जुड़े एक गाने में अंकित बालियान ने अभिनय किया था। हालांकि पुलिस ने साफ किया कि गाने के बोल या निर्माण से उनका कोई सीधा संबंध नहीं था। फिर भी इस पहलू को जांच के दायरे में रखा गया है।
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अब किसकी तलाश?
दो शूटरों के मारे जाने के बाद पुलिस की नजर अब हत्या की पूरी साजिश पर है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि हत्या की सुपारी किसने दी, शूटरों को किसने सहयोग पहुंचाया और इस पूरे नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल थे। डीजीपी ने बताया कि एनकाउंटर में शामिल पुलिस और एसटीएफ टीम को 2 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की गई है। अधिकारियों का मानना है कि आगे की जांच में इस हत्याकांड से जुड़े कई और महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं।