
मुंह में छाले बार-बार हों तो चिंता और बढ़ जाती है। इससे खाने-पीने में दिक्कत आती है, लेकिन घबराइए मत! आपकी रसोई में ही मौजूद कुछ आसान देसी नुस्खे इन छालों से राहत दिला सकते हैं। आईए जानते हैं उन असरदार घरेलू उपायों के बारे में जो बिना किसी साइड इफेक्ट के आपको तुरंत राहत देंगे।
नारियल तेल का जबरदस्त नुस्खा
नारियल का तेल अपने ठंडक और एंटी-बैक्टीरियल गुणों के लिए जाना जाता है। रूई की सहायता से इसे दिन में दो बार छाले पर लगाएं। इससे न सिर्फ जलन कम होती है बल्कि छाले भी जल्दी सूखने लगते हैं।
शहद और तुलसी का चमत्कारी पेस्ट
शहद और तुलसी की पत्तियों का पेस्ट बनाकर छाले पर लगाएं। यह मिश्रण दर्द को कम करता है और घाव को जल्दी भरने में मदद करता है।
घी और मिश्री का करें सेवन
घी और मिश्री का एक-एक छोटा चम्मच दिन में दो बार सेवन करें। यह उपाय शरीर की गर्मी को कम करता है, जिससे छाले खुद-ब-खुद कम होने लगते हैं। आयुर्वेद में भी इसे प्रभावी उपाय माना गया है।
त्रिफला पानी से कुल्ला करें
त्रिफला पाउडर को पानी में उबालें और ठंडा होने पर उससे कुल्ला करें। इसके एंटीसेप्टिक गुण मुंह के छालों को जल्दी ठीक करने में मदद करते हैं।
बेकिंग सोड़ा का करें इस्तेमाल
बेकिंग सोडा और थोड़ा पानी मिलाकर पेस्ट बनाएं और छाले पर लगाएं। इससे एसिड बैलेंस होता है और बैक्टीरिया भी खत्म होते हैं।
मुलैठी चबलाएं
मुलैठी एक प्राचीन आयुर्वेदिक औषधि है, जिसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं। इसका छोटा टुकड़ा चबाएं या इसका पेस्ट बनाकर छाले पर लगाएं। इससे दर्द और सूजन में राहत मिलती है।
मासिक व्रत और अमावस्या का महत्व
19 अगस्त को अजा एकादशी, 20 अगस्त को कृष्ण पक्ष प्रदोष व्रत और 21 अगस्त को मासिक शिवरात्रि का पर्व होगा. 22 अगस्त को कुशग्रहणी अमावस्या मनाई जाएगी, जिसका शुभ समय सुबह 6:00 से 8:30 बजे तक रहेगा.
तेज, गणपति और राधा अष्टमी का समापन
26 अगस्त को हरतालिका तीज का निर्जला व्रत मनाया जाएगा, पूजन का शुभ समय सुबह 5:55 से 8:15 बजे तक रहेगा. 27 अगस्त को गणेश चतुर्थी का पर्व धूमधाम से मनाया जाएगा, मूर्ति स्थापना का समय 11:05 से 1:40 बजे तक है. माह का समापन 31 अगस्त को राधा अष्टमी के साथ होगा, जिसका पूजन सुबह 9:00 से 11:00 बजे तक किया जाएगा.