
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ देश के करोड़ों किसानों को मिल रहा है. इस योजना के तहत सरकार किसानों को हर साल 6000 रुपये तीन किश्तों में देती है. अब तक योजना की 19 किश्तें आ चुकी हैं और किसान 20वीं किश्त का इंतजार कर रहे हैं. लेकिन जैसे ही किश्त जारी होने की बात होती है, सोशल मीडिया और मैसेजिंग ऐप्स पर फर्जी मैसेज और लिंक वायरल होने लगते हैं. ये लिंक असली वेबसाइट की तरह दिखते हैं, जिन पर क्लिक करते ही किसानों की बैंक डिटेल्स और पैसा खतरे में पड़ जाता है.
कैसे करते हैं फ्रॉड?
फ्रॉड करने वाले वॉट्सऐप, एसएमएस और ईमेल के जरिए मैसेज भेजते हैं. मैसेज में लिखा होता है कि “आपकी किस्त आ गई है” या “बोनस मिल रहा है, चेक करें”. नीचे एक लिंक दिया जाता है, जो असली वेबसाइट जैसी दिखती है. जैसे ही किसान उस लिंक पर क्लिक करता है, उससे आधार नंबर, बैंक डिटेल, ओटीपी जैसी निजी जानकारी मांगी जाती है. इसके जरिए फ्रॉड करने वाले खाते से पैसे निकाल सकते हैं या फोन हैक कर सकते हैं.
क्या है असली वेबसाइट?
सरकार ने साफ किया है कि पीएम किसान योजना की सिर्फ एक आधिकारिक वेबसाइट है:
http://www.pmkisan.gov.in
अगर किसी मैसेज या लिंक में यह एड्रेस न हो, तो उस पर क्लिक न करें. कोई जानकारी शेयर न करें. असली जानकारी सिर्फ इस वेबसाइट या @pmkisanofficial सोशल मीडिया हैंडल से ही मिलती है.
फ्रॉड की शिकायत कहां करें?
अगर कोई आपसे आधार, ओटीपी या बैंक डिटेल्स मांगता है, तो तुरंत सतर्क हो जाएं. शिकायत इन नंबरों पर करें:
PM-KISAN हेल्पलाइन: 155261 या 011-24300606
क्या रखें ध्यान?
सिर्फ सरकारी वेबसाइट और सोशल मीडिया अकाउंट से जानकारी लें.
किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें.
बैंक डिटेल्स या ओटीपी किसी से भी शेयर न करें.
ध्यान रखने वाली बात ये है कि सरकार की इस योजना का लाभ उठाएं, लेकिन सावधानी बरतना जरूरी है. ठगी से बचें, जागरूक बनें और दूसरों को भी सतर्क करें.