भक्ति और आस्था के रंगों से सराबोर अयोध्या में इस दिसंबर एक खास आयोजन होने जा रहा है। 13 से 15 दिसंबर तक श्रीराम मंदिर परिसर में दीपावली मिलन समारोह का आयोजन होगा, जिसमें मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा से पहुंचे कलाकार रामलीला का मंचन करेंगे। तीन दिवसीय इस कार्यक्रम में भगवान श्रीराम के जीवन आदर्शों को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया जाएगा।
मध्य प्रदेश से पहुंचेगा कलाकारों का दल
छिंदवाड़ा के छोटी बाजार का विश्वप्रसिद्ध श्रीरामलीला मंडल इस आयोजन में भाग लेगा। मंडल के कलाकार भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण और रावण सहित महाकाव्य ‘रामायण’ के प्रमुख प्रसंगों को मंच पर सजीव करेंगे। आयोजन को लेकर कलाकारों और पदाधिकारियों में उत्साह का माहौल है। मंडल के अध्यक्ष ने बताया कि यह मंचन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक होगा, बल्कि भारत की सांस्कृतिक एकता को भी दर्शाएगा।
सांस्कृतिक एकता का संदेश देगा आयोजन
यह रामलीला केवल एक धार्मिक प्रस्तुति नहीं होगी, बल्कि देशभर में लोक परंपरा और संस्कृति के संरक्षण का संदेश भी देगी। कार्यक्रम में कलाकारों के साथ स्थानीय श्रद्धालु और साधु-संत भी शामिल होंगे। मंचन के दौरान अयोध्या का वातावरण भक्ति, संगीत और जयघोषों से गूंज उठेगा।
तैयारियों में जुटा मंडल
मंडल के सदस्यों ने दीपावली मिलन समारोह के अवसर पर पटकथा का विमोचन कर दिया है। इसमें कलाकारों के लिए यात्रा की विशेष व्यवस्था भी की गई है। इस यात्रा के लिए दो बसों की व्यवस्था की गई है, जिनसे कलाकार अयोध्या पहुंचेंगे।
‘धनुष यज्ञ’ से होगी शुरुआत
13 दिसंबर को पहले दिन ‘धनुष यज्ञ’ का मंचन किया जाएगा, जिसमें सीता स्वयंवर का दृश्य प्रस्तुत होगा। इसके बाद भगवान श्रीराम के वनगमन, रावण वध और अयोध्या वापसी जैसे प्रसंगों का प्रदर्शन होगा। यह तीन दिवसीय आयोजन भक्ति और उत्सव का अनूठा संगम बनने जा रहा है।