मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के बुधनी क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया है। नर्मदा नदी के बाबरी घाट पर नाव का इंतजार कर रहे दो सगे भाई अचानक ऐसे हादसे का शिकार हो गए, जिसने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया। नहाने के दौरान एक भाई गहरे पानी में चला गया, जबकि उसे बचाने की कोशिश में दूसरे भाई ने भी अपनी जान गंवा दी।
नाव के इंतजार में हुआ दर्दनाक हादसा
यह हादसा बुधनी के भैरूंदा ब्लॉक स्थित नर्मदा नदी के बाबरी घाट पर हुआ। जानकारी के अनुसार, शुभम और विकास अपने बड़े पापा भीम सिंह यदुवंशी के साथ हरदा जिले के करताना लौटने की तैयारी में थे। घाट पर नाव आने में देरी हो रही थी, इसी दौरान दोनों भाई नदी किनारे ही रुके हुए थे। समय काटने के लिए शुभम नहाने के उद्देश्य से नदी में उतर गया।
गहरे पानी में फिसला पैर
नहाते समय शुभम का अचानक संतुलन बिगड़ गया और वह गहरे पानी में चला गया। नदी का बहाव तेज होने के कारण वह खुद को संभाल नहीं सका। काफी देर तक जब वह बाहर नहीं आया तो किनारे खड़े लोगों को अनहोनी की आशंका हुई। हालात की गंभीरता समझते हुए बड़े भाई विकास ने बिना देर किए उसे बचाने के लिए नदी में छलांग लगा दी।
भाई को बचाने में गई दूसरी जान
विकास ने पूरी कोशिश की कि वह अपने छोटे भाई को बाहर निकाल सके, लेकिन नदी की गहराई और तेज बहाव दोनों पर भारी पड़ गए। देखते ही देखते दोनों भाई पानी में डूब गए। आसपास मौजूद लोगों ने जब विकास को संघर्ष करते देखा तो वे भी मदद के लिए नदी में कूद पड़े, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही भैरूंदा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों शवों को बाहर निकाला गया और पोस्टमार्टम के लिए भैरूंदा के सिविल अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया जारी है।
गांव में पसरा मातम
इस दर्दनाक हादसे के बाद बाबरी गांव और परिजनों में गहरा शोक छाया हुआ है। एक ही परिवार के दो युवकों की असमय मौत से हर आंख नम है। ग्रामीणों ने प्रशासन से बाबरी घाट पर सुरक्षा इंतजाम बढ़ाने और नाव संचालन को नियमित करने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।