मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले में कान्हा टाइगर रिजर्व से सटे गांव में बाघ के हमले ने दहशत फैला दी। देर रात घर में सो रही 50 वर्षीय महिला को बाघ खटिया से उठाकर करीब 50 मीटर दूर ले गया। मां को बचाने दौड़े बेटे पर भी बाघ ने हमला करने की कोशिश की। गंभीर रूप से घायल महिला को अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
रात में घर में घुसा बाघ, सो रही महिला को उठा ले गया
घटना कान्हा टाइगर रिजर्व के ग्राम पंचायत कुमादेही अंतर्गत पर्रापुर गांव की है। जानकारी के अनुसार, शनिवार और रविवार की दरम्यानी रात करीब एक बजे शगुनी बाई धुर्वे (50) अपने घर में खटिया पर सो रही थीं। इसी दौरान बाघ घर के भीतर घुस आया और महिला को मुंह में दबाकर बाहर ले गया। घर से करीब 50 मीटर दूर ले जाकर बाघ ने उस पर हमला किया, जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई।
मां को बचाने दौड़ा बेटा, बाघ ने किया हमला करने का प्रयास
महिला की चीख सुनकर परिवार के सदस्य और आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। मां को बचाने के लिए बेटा चैनसिंह आगे बढ़ा तो बाघ ने उसकी ओर भी हमला करने की कोशिश की। हालांकि ग्रामीणों के शोर और टॉर्च की रोशनी से बाघ घबरा गया और महिला को वहीं छोड़कर जंगल की ओर भाग गया। इसके बाद परिजन घायल महिला को तत्काल घर लाए और अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल में इलाज के दौरान हुई मौत
हमले में महिला को गंभीर चोटें आई थीं। बताया जा रहा है कि बाघ ने उसके सिर पर भी हमला किया था। गंभीर हालत में पहले उसे बैहर के सिविल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
घर में दरवाजा नहीं था, इसी का उठाया फायदा
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, जिस मकान में महिला सो रही थी उसमें मुख्य दरवाजा नहीं था। माना जा रहा है कि इसी वजह से बाघ आसानी से घर के अंदर घुस गया और महिला को अपना शिकार बना लिया। घटना के बाद ग्रामीणों ने वन क्षेत्र से लगे गांवों में सुरक्षा इंतजाम बढ़ाने और वन्यजीवों की आवाजाही पर प्रभावी निगरानी की मांग की है।
गांव में दहशत, वन विभाग ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। बाघ की लगातार आवाजाही से ग्रामीणों में भय का माहौल है। लोगों ने वन विभाग से गश्त बढ़ाने और गांवों में सुरक्षा के स्थायी इंतजाम करने की मांग की है।