
ब्रिटेन में बलूच प्रवासी समुदाय के सदस्यों ने लंदन के 10 डाउनिंग स्ट्रीट पर पाकिस्तान सेना के अत्याचारों को लेकर विरोध किया। इसे लेकर सोमवार को एक प्रमुख मानवाधिकार संगठन को सूचना दी। बलूच प्रवासियों का आरोप है कि बलूचिस्तान के जेहरी क्षेत्र में पाकिस्तानी सेना क्रूर सैन्य अभियान को चलाया गया। बलूच प्रवासियों का आरोप है कि कई हफ्तों से जारी पाकिस्तानी सैन्य अभियानों में कई लोग मारे गए और घायल हुए हैं। यह प्रदर्शन जेहरी में बढ़ते मानवाधिकार सकंट को लेकर हो रहा है।
बलूच वॉयस फॉर जस्टिस (बीवीजे) ने कहा कि प्रदर्शनकारियों बैनर लिए हुए थे और पाकिस्तानी सुरक्षा बलों पर मानवाधिकारों के उल्लंघन का आरोप लगाते। इसके साथ नारे लगाए। उन्होंने ब्रिटिश सरकार से अपनी चुप्पी को तोड़ने और बलूचिस्तान में अत्याचारों को लेकर पाकिस्तान को जवाबदेह ठहराने की मांग की।
सड़कें जाम हैं और कर्फ्यू लगाया गया है
बीवीजे के अनुसार, जेहरी की जनता घेराबंदी जैसे हालात का सामना कर रहे हैं। यहां पर सैन्य अभियान तेज हो गए हैं। आरोप लगाया जा रहा है कि बमबारी में महिलाएं और बच्चे भी मारे गए हैं। यहां पर सड़कें जाम हैं और कर्फ्यू लगाया गया है। इसके कारण स्थानीय आबादी बेहद संकट के हालात में है। प्रदर्शनकारियों ने इसे एक व्यवस्थित नरसंहार की संझा दी है। अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों से इस क्षेत्र में सच्चाई का पता करने के लिए टीम भेजने की अपील की है। वहीं दूसरी ओर बलूचिस्तान में अत्याचारों को लेकर बलूच राष्ट्रीय आंदोलन ने मानवाधिकार विभाग ने सोमवार को कहा कि पूरे प्रांत में जबरन गायब किए जाने की घटनाएं तेजी बढ़ी हैं।