Basit Ali Nana Patekar Tribute : दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन की खबर से फिल्म जगत के साथ उनके चाहने वालों को भी गहरा दुख पहुंचा है। भारत ही नहीं, पाकिस्तान में भी नाना के प्रशंसक रहे हैं। पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर बासित अली भी अभिनेता को याद करते हुए भावुक हो गए। उन्होंने नाना के साथ अपने पुराने रिश्तों और उनसे जुड़ी यादों को साझा किया। बासित के लिए नाना सिर्फ एक शानदार अभिनेता नहीं, बल्कि ऐसे इंसान थे, जो दूसरों की परवाह करना अच्छी तरह जानते थे।
सालों पुराना था दोनों का रिश्ता
बासित अली ने बताया कि उनकी नाना पाटेकर से बातचीत साल 1994 में शुरू हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच अच्छा रिश्ता बन गया। नाना उनसे अपने पुराने किस्से साझा करते थे और उनकी मां से भी बातचीत किया करते थे। बासित के मुताबिक, नाना का व्यवहार बेहद अपनापन भरा था। यही वजह थी कि वह उन्हें केवल एक मशहूर अभिनेता के रूप में नहीं, बल्कि अपने करीबी दोस्त के तौर पर देखते थे। दोनों के बीच बना यह रिश्ता कई सालों तक कायम रहा।
मां के निधन के बाद नाना ने कही थी खास बात
बासित अली ने नाना पाटेकर से जुड़ा एक ऐसा किस्सा भी याद किया, जो आज तक उनके दिल में बसा हुआ है। उन्होंने बताया कि जब उनकी मां का निधन हुआ था, तब नाना ने उनसे कहा था कि अब उन्हें थोड़ा संभलकर रहना चाहिए। नाना की यह बात बासित आज भी नहीं भूले हैं। इस छोटी-सी नसीहत में एक करीबी इंसान की चिंता और अपनापन छिपा था। बासित के लिए यह याद इसलिए भी खास है, क्योंकि नाना ने मुश्किल समय में उनका हौसला बढ़ाने की कोशिश की थी।
बीमारी के समय भी नाना ने जाना था हाल
बासित अली ने बताया कि जब उन्हें दिल से जुड़ी परेशानी हुई और इलाज के बाद वह घर लौटे, तब नाना पाटेकर ने उन्हें संदेश भेजकर उनकी तबीयत के बारे में पूछा था। नाना ने उनसे कहा था कि ठीक होने के बाद फोन करें। इसके बाद जब बासित ने उन्हें फोन किया, तो अभिनेता ने उनका हालचाल जाना। बासित के मुताबिक, नाना असल जिंदगी में भी वैसे ही थे, जैसे लोग उन्हें पर्दे पर देखते थे। वह दूसरों के दुख और परेशानी को समझते थे और अपने करीबियों का हाल जानना नहीं भूलते थे।
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भारत ही नहीं पाकिस्तान में भी थे नाना के चाहने वाले
बासित अली ने नाना पाटेकर को याद करते हुए कहा कि अभिनेता की लोकप्रियता सिर्फ भारत तक सीमित नहीं थी। पाकिस्तान में भी उनके बहुत से प्रशंसक थे। नाना ने अपने अभिनय से अलग-अलग तरह के किरदारों को जीवंत बनाया और लोगों के दिलों में अपनी खास जगह बनाई। बासित के लिए उनका जाना एक बड़ी क्षति है। नाना पाटेकर की जिंदगी और उनके काम को याद करते हुए यह बात सामने आती है कि एक कलाकार की पहचान सिर्फ उसकी फिल्मों से नहीं बनती, बल्कि उसका व्यवहार भी लोगों के दिलों में जगह बनाता है। नाना की यादें उनके चाहने वालों के बीच लंबे समय तक बनी रहेंगी।