
Russia America Summit: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (US President Donald Trump) जल्द रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Russian President Vladimir Putin) से मिलने वाले हैं। अलास्का में रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर दोनों की खास बैठक होगी। इस बैठक के होने से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा पेश किया। ट्रंप का है कि भारत पर लगाए टैरिफ से रूसी राष्ट्रपति को मिलने वाले लाभ को को प्रभावित किया है।
राष्ट्रपति ट्रंप ने मीडिया से बातचीत में कहा कि हर चीज का असर होता है। भारत पर लगाए अतिरिक्त टैरिफ के कारण उन्हें रूस से तेल खरीदने पर रोक लगाई। रूस बड़ा तेल उत्पादक है। उन्होंने कहा कि जब आप अपने दूसरे सबसे बड़े ग्राहक को खोते हैं, तो इसका असर पड़ता है। बातचीत के दौरान उन्होंने दोबरा फिर कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच सैन्य झड़प रोकने में उन्होंने अहम भूमिका अदा की है। ऐसा न करने पर न्यूक्लियर वार का खतरा था।
राष्ट्रपति ट्रंप गुरुवार को बड़ा फैसला किया था। ट्रंप प्रशासन ने रूस पर लगे कई प्रतिबंधों में अस्थायी छूट दी है। ट्रेजरी के विदेशी संपत्ति नियंत्रण कार्यालय ने 20 अगस्त तक की अस्थाई छूट दी है। अमेरिकी वित्त मंत्रालय के एक प्रवक्ता के अनुसार, शिखर वार्ता को लेकर अलास्का आ रहे अधिकतर रोक रूसी अधिकारियों को पहले से ही अमेरिका में प्रवेश की अनुमति दी जा चुकी थी। इसके लिए पहले ही कुछ खास इजाजत दी गई थीं। इस छूट में ऐसे लेन-देन हैं जो इस बैठक के आयोजन को लेकर जरूरी हैं।
बातचीत से पहले भीषण हमला जारी
ट्रंप और पुतिन के बीच होने वाली बैठक को लेकर दुनिया की निगाहें हैं। ऐसा कहा जा रहा है कि इस बातचीत के बाद यूरोप में समीकरण बदलेंगे। बातचीत से ठीक पहले रूस और यूक्रेन के बीच भीषण गोलीबारी हो रही है। रूस ने यूक्रने मिसाइल फैक्ट्री पर भीषण हमला बोला। इसे हवाई हमले को पूरी तरह से ध्वस्त कर दिया। जर्मनी की सहायता से मध्यम दूरी की मिसाइलें यहां पर तैयार हो रही हैं। यूक्रेन का दावा है कि रूस ने ड्रोन से कई शहरों पर निशाना साधा। इससे आम नागरिक भी घायल हुए।