राजधानी स्थित भारत मंडपम में आयोजित “इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट” के दौरान अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम की सुरक्षा में सेंध लगाने की कथित पूर्वनियोजित कोशिश का मामला अब गंभीर आपराधिक जांच का रूप ले चुका है। घटना उस समय हुई जब समिट में अंतरराष्ट्रीय गणमान्य व्यक्ति, प्रतिनिधि और आगंतुक मौजूद थे। पुलिस के अनुसार, कुछ आक्रामक तत्वों ने सुरक्षा घेरा भंग करने का प्रयास किया। मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए संबंधित व्यक्तियों को काबू कर लिया। इस दौरान कुछ ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को चोटें भी आईं।
तिलक मार्ग थाने में FIR दर्ज
इस संबंध में Delhi Police द्वारा तिलक मार्ग थाने में FIR संख्या 19/2026 दर्ज की गई। मामला भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 61(2), 121(1), 132, 190, 195(1), 221, 223(A), 196, 197 और 3(5) के तहत पंजीकृत किया गया। जांच के दौरान प्रथम दृष्टया कई व्यक्तियों की संलिप्तता सामने आई है। पुलिस के अनुसार, कार्यक्रम स्थल एवं आसपास लगे CCTV कैमरों में कई संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियां रिकॉर्ड हुई हैं। साथ ही यह भी पाया गया है कि कुछ अन्य लोग इन आक्रामक तत्वों को वित्तीय एवं लॉजिस्टिक सहायता प्रदान कर रहे थे।
8 आरोपी गिरफ्तार, IYC पदाधिकारी भी शामिल
अब तक कुल 8 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया जा चुका है। गिरफ्तार व्यक्तियों में Indian Youth Congress (IYC) के पदाधिकारी भी शामिल हैं।
पूछताछ के बाद IYC के अध्यक्ष उदय भानु चिब को भी गिरफ्तार किया गया है। सभी गिरफ्तार आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लेकर विस्तृत पूछताछ की गई है। जांच के दौरान भारतीय न्याय संहिता की धाराएं 191(1) और 192 भी जोड़ी गई हैं।
पुलिस का दावा है कि अब तक की जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि यह कृत्य एक गहन षड्यंत्र के तहत अंजाम दिया गया। जांच एजेंसियों को इस संबंध में पुख्ता प्रमाण मिलने की बात कही जा रही है।
बहु-राज्यीय नेटवर्क की जांच
मामले की बहु-राज्यीय पृष्ठभूमि और आरोपियों के बीच कथित वित्तीय एवं लॉजिस्टिक नेटवर्क को देखते हुए अन्य राज्यों की पुलिस के साथ भी समन्वय स्थापित किया गया है। विभिन्न स्थानों पर लगातार छापेमारी और तलाशी अभियान जारी है। प्रकरण की गंभीरता और व्यापकता को देखते हुए इसकी आगे की जांच क्राइम ब्रांच की इंटर स्टेट सेल को स्थानांतरित कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की विस्तारपूर्वक और निष्पक्ष जांच की जा रही है। आने वाले दिनों में इस कथित साजिश से जुड़े और भी खुलासे सामने आ सकते हैं।