Border Update : बिहार के बगहा स्थित भारत-नेपाल सीमा से जुड़े विवादित सुस्ता क्षेत्र में एक बार फिर तनाव की स्थिति बन गई है। सीमा पर नियमित गश्त कर रही सशस्त्र सीमा बल (SSB) की टीम पर कथित तौर पर नेपाल के सुस्ता गांव के लोगों द्वारा पथराव और अभद्र व्यवहार किए जाने का मामला सामने आया है। घटना के बाद SSB की शिकायत पर पुलिस ने 150 से 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।
सीमा गश्त के दौरान बढ़ा विवाद
जानकारी के अनुसार, 21वीं वाहिनी SSB की गश्ती टीम उप कमांडेंट विजय कुमार के नेतृत्व में नियमित गश्त पर निकली थी। इसी दौरान टीम भारत की सीमा के भीतर स्थित विवादित सुस्ता क्षेत्र में पहुंची। यहां भारतीय सीमा की ओर मिट्टी के बांध को आगे बढ़ाने का कार्य होता दिखाई दिया, जिसके बाद मौके पर स्थिति को लेकर आपत्ति दर्ज कराई गई।
समझौते के उल्लंघन का लगाया आरोप
SSB का कहना है कि 31 जुलाई को भारत और नेपाल के सुरक्षा अधिकारियों के बीच यथास्थिति बनाए रखने और तय सीमा से आगे किसी भी प्रकार का बांध निर्माण नहीं करने पर सहमति बनी थी। आरोप है कि इसके बावजूद निर्माण कार्य दोबारा शुरू कर दिया गया। इस संबंध में SSB ने नेपाल के सशस्त्र पुलिस बल (APF) के अधिकारियों से बातचीत भी की।
भीड़ ने किया पथराव, जवान सुरक्षित
शिकायत के मुताबिक बातचीत के दौरान नेपाल के सुस्ता गांव से करीब 150 से 200 लोग लाठी-डंडों और पत्थरों के साथ मौके पर पहुंच गए। आरोप है कि भीड़ ने SSB जवानों के साथ अभद्र व्यवहार किया और जब गश्ती दल अपनी पोस्ट की ओर लौटने लगा तो उस पर पथराव किया गया। हालांकि इस घटना में किसी जवान के घायल होने की सूचना नहीं है।
150 से 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज हुआ मामला
घटना के बाद 21वीं वाहिनी SSB के सहायक कमांडेंट अवधेश कुमार की शिकायत पर वाल्मीकिनगर थाने में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने नेपाल के सुस्ता गांव के 150 से 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की तथ्यात्मक जांच की जा रही है।
सुरक्षा एजेंसियां हालात पर रखे हुए हैं नजर
घटना के बाद भारत-नेपाल सीमा के सुस्ता क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। संबंधित एजेंसियां सीमा क्षेत्र की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। प्रशासन का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी और सीमा पर शांति एवं सामान्य स्थिति बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।