भोपाल के ईटखेड़ी में 78वें आलमी तब्लीगी इज्तिमा की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। यह विश्व प्रसिद्ध धार्मिक आयोजन 14 से 17 नवंबर तक आयोजित होगा और इसका समापन सामूहिक दुआ के साथ किया जाएगा। इस बार लगभग 12 लाख जायरीन (श्रद्धालुओं) के पहुंचने की उम्मीद है। प्रशासन और आयोजकों ने आवागमन, सुरक्षा, भोजन और रेलवे व्यवस्था सहित सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं ताकि श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो।
ईटखेड़ी में सजेगा आस्था का मेला
राजधानी भोपाल के ईटखेड़ी क्षेत्र में इस वर्ष 78वां आलमी तब्लीगी इज्तिमा आयोजित किया जा रहा है। हर साल की तरह इस बार भी देश-विदेश से लाखों जायरीन यहां पहुंचेंगे। यह आयोजन चार दिनों तक चलेगा और इसका समापन 17 नवंबर को सामूहिक दुआ के साथ होगा। आयोजकों के अनुसार, इस बार 12 लाख से अधिक श्रद्धालुओं की उपस्थिति की संभावना है।
पार्किंग और पंडाल की भव्य व्यवस्था
इज्तिमा स्थल पर पार्किंग और पंडाल की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। करीब 350 एकड़ में पार्किंग की व्यवस्था की गई है, जिसमें 71 पार्किंग जोन बनाए गए हैं। इसके साथ ही 120 एकड़ में विशाल पंडाल तैयार किया गया है, जहां नमाज और धार्मिक कार्यक्रम संपन्न होंगे। आयोजन समिति की ओर से पानी, बिजली और साफ-सफाई के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
भोजन और मूलभूत सुविधाओं पर विशेष ध्यान
इज्तिमा में रोजाना लगभग 50 हजार लोगों के लिए भोजन तैयार किया जाएगा। भोजन वितरण, स्वास्थ्य सेवाओं और आवास की व्यवस्था के लिए स्वयंसेवकों की बड़ी टीम तैनात की गई है। आयोजन स्थल पर चिकित्सा शिविर और प्राथमिक उपचार केंद्र भी बनाए गए हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता मिल सके।
रेलवे ने की विशेष व्यवस्था
भोपाल रेलवे स्टेशन पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए रेलवे ने कई नए इंतजाम किए हैं। भोपाल-इटारसी और भोपाल-जोधपुर एक्सप्रेस ट्रेनों में अतिरिक्त कोच लगाए जाएंगे। स्टेशन पर चार नए टिकट काउंटर और छह एटीवीएम मशीनें लगाई गई हैं। साथ ही, सुरक्षा, मेडिकल और अतिरिक्त स्टाफ की तैनाती भी की गई है। इज्तिमा की अवधि के दौरान प्लेटफॉर्म नंबर 6 की पार्किंग पूरी तरह बंद रहेगी।
प्रशासन ने कसी कमर
प्रशासन और आयोजन समिति की ओर से सभी आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा चुकी है। भोपाल नगर निगम, पुलिस, स्वास्थ्य और यातायात विभागों के अधिकारी लगातार निगरानी कर रहे हैं ताकि भीड़ प्रबंधन सुचारू रहे और श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की कठिनाई न हो।