भोपाल के घोसीपुरा ईटखेड़ी में दुनिया के दूसरे सबसे बड़े इस्लामिक जमावड़े 78वें आलमी तब्लीगी इज्तिमा की शुरुआत शुक्रवार तड़के फजर की नमाज के साथ हो गई। देश-विदेश से आने वाले जायरीनों की भीड़ लगातार बढ़ रही है और इस बार करीब 12 लाख श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। 19 देशों से पहुंची जमातें इज्तिमा नगर में जुट रही हैं, जहां चार दिन तक नमाज़, तकरीरें और दीन की सीख का सिलसिला चलेगा।
फजर की नमाज़ के साथ आगाज, चार दिन तक चलेंगी तकरीरें
शुक्रवार सुबह नमाज़ के बाद मौलाना हारून साहब की तकरीर के साथ चार दिवसीय कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत हुई। गुरुवार रात से ही भोपाल और अन्य राज्यों से श्रद्धालु पहुंचने लगे थे, जिससे सुबह तक आधा पंडाल भर चुका था। आयोजन 14 से 17 नवंबर तक चलेगा, जबकि सोमवार सुबह दुआ-ए-खास के साथ इसका समापन होगा।
नमाज़ और इल्मी बयान सुनने उमड़ी भीड़
पहली तकरीर में अल्लाह के बताए रास्ते पर चलने और सुन्नतों को जीवन में उतारने की नसीहत दी गई। पूर्व संध्या पर मगरिब की नमाज़ के बाद शुरू हुई तकरीरों का दौर लगातार जारी है। बड़ी संख्या में लोग कुरान, नमाज़ और दीन की बुनियादी सीखों पर होने वाले इल्मी बयानों को सुनने के लिए जुटे हुए हैं।
सुरक्षा कड़ी, रेलवे स्टेशन पर अलर्ट जारी
दिल्ली धमाके के मद्देनज़र भोपाल रेलवे स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पहली बार BD & DS टीम की अनियमित जांच शुरू की गई है। प्लेटफॉर्म, पार्किंग और मालखानों में दिन में दो बार तलाशी अभियान चलाया जा रहा है, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
12 लाख श्रद्धालुओं के लिएi हाईटेक व्यवस्थाएं
आयोजन स्थल को 120 एकड़ की टेंट सिटी के रूप में विकसित किया गया है। 300 एकड़ पार्किंग में 2 लाख दोपहिया, 50 हजार चारपहिया और 1000 बस/ट्रक की क्षमता बनाई गई है।
मुख्य मार्गों पर बेरिकेडिंग
200 CCTV और 6 ड्रोन कैमरों से निगरानी
फूड जोन, स्वास्थ्य शिविर, अस्थायी अस्पताल, चलित एंबुलेंस
ठंड को देखते हुए गर्म पानी की सुविधा
स्थायी व अस्थायी टॉयलेट
शहर से लेकर स्थल तक वॉलेंटियर्स की तैनाती
कई स्थानों पर श्रद्धालुओं के लिए निःशुल्क नाश्ता और भोजन की व्यवस्था भी की गई है।
असर की नमाज़ के बाद होंगे 300 सादगीपूर्ण निकाह
पहले दिन असर की नमाज़ के बाद 300 निकाह सादगी से अंजाम दिए जाएंगे। दुल्हनों के निकाह पहले ही घरों पर हो चुके हैं। उलेमा वैवाहिक जीवन को इबादत की तरह निभाने की नसीहत देंगे।
मूक-बधिर श्रद्धालुओं के लिए अलग खंड
विशेष रूप से तैयार खंड में सांकेतिक भाषा विशेषज्ञ तकरीरों का लाइव अनुवाद कर रहे हैं, ताकि मूक-बधिर जायरीन भी दीन की बातें आसानी से समझ सकें।
यातायात पर विशेष नियंत्रण
ट्रैफिक पुलिस ने 17 नवंबर रात 8 बजे तक भारी वाहनों और यात्री बसों के प्रवेश पर रोक लगाई है। इज्तिमा पहुंचने वालों को छोड़कर अन्य बड़े वाहनों को वैकल्पिक मार्ग से भेजा जा रहा है।