मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में मेट्रो ट्रेन की रफ्तार के साथ अब यात्रियों के लिए सख्त नियम भी लागू हो गए हैं। सुरक्षित, अनुशासित और सुगम यात्रा सुनिश्चित करने के लिए मेट्रो प्रशासन ने विस्तृत गाइडलाइन जारी की है। इन नियमों में यात्रियों के सामान, व्यवहार और सुरक्षा से जुड़े प्रावधान शामिल हैं। नियमों की अनदेखी करने पर जुर्माने का भी प्रावधान किया गया है।
पालतू पशु-पक्षी के साथ यात्रा पर रोक
भोपाल मेट्रो में अब यात्री अपने साथ किसी भी तरह के पालतू पशु या पक्षी लेकर सफर नहीं कर सकेंगे। प्रशासन का कहना है कि इससे यात्रियों की सुरक्षा और स्वच्छता पर असर पड़ सकता है। इसलिए मेट्रो को पूरी तरह सुरक्षित सार्वजनिक परिवहन बनाने के लिए यह निर्णय लिया गया है।
इमरजेंसी बटन से मज़ाक पड़ा महंगा
मेट्रो कोच में लगे इमरजेंसी बटन का उपयोग केवल वास्तविक आपात स्थिति में ही किया जा सकेगा। बिना वजह या मज़ाक में इमरजेंसी बटन दबाने पर यात्री पर 10 हजार रुपए तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। यह नियम मेट्रो संचालन में अनावश्यक बाधा रोकने के लिए लागू किया गया है।
कैमरा, ड्रोन और खतरनाक सामान प्रतिबंधित
यात्री मोबाइल फोन और स्मार्ट वॉच तो ले जा सकेंगे, लेकिन कैमरा, ड्रोन, सैटेलाइट फोन, रेडियो संचार उपकरण मेट्रो में पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे। इसके अलावा पेट्रोल-डीजल, हथियार, माचिस, लाइटर, खुले बीड़ी-सिगरेट, गुटखा और तंबाकू ले जाने की भी अनुमति नहीं होगी।
25 किलो से ज्यादा सामान नहीं
हवाई यात्रा की तर्ज पर मेट्रो में भी सामान के वजन की सीमा तय की गई है। यात्री अधिकतम 25 किलो वजन का सामान ही अपने साथ ले जा सकेंगे। भारी या असुविधाजनक सामान से यात्रियों और मेट्रो संचालन को परेशानी न हो, इसलिए यह नियम बनाया गया है।
थूकने पर जुर्माना, अनुशासन अनिवार्य
स्टेशन परिसर या मेट्रो ट्रेन में थूकते पाए जाने पर 200 रुपए का जुर्माना लगाया जाएगा। साथ ही संक्रामक रोग से ग्रसित व्यक्ति, नशे की हालत में यात्री या असंयमी व्यवहार करने वालों को मेट्रो में सफर की अनुमति नहीं होगी।