UCC Marriage Rumour--भोपाल में यूनिफॉर्म सिविल कोड यानी UCC को लेकर सोशल मीडिया पर फैली एक अफवाह का असर अब शादी के आवेदनों पर दिखाई दे रहा है। दावा किया जा रहा है कि UCC लागू होने के बाद मुस्लिम समुदाय में होने वाली कजिन मैरिज पर रोक लग जाएगी। इसी आशंका के चलते कई परिवार जल्द निकाह कराने के लिए भोपाल काजियात पहुंच रहे हैं। यहां शादी के लिए आने वाले आवेदनों में करीब 10 गुना तक बढ़ोतरी की बात सामने आई है।
30-40 से बढ़कर 300 तक पहुंची अर्जियां
बताया जा रहा है कि पिछले दो-तीन सप्ताह में भोपाल काजियात में निकाह से जुड़े आवेदनों की संख्या तेजी से बढ़ी है। सामान्य दिनों में जहां रोजाना करीब 30 से 40 आवेदन आते थे, वहीं अब यह संख्या करीब 300 तक पहुंचने की बात कही जा रही है। कई ऐसे परिवार भी काजी से संपर्क कर रहे हैं, जिनके बच्चों की शादी आने वाले महीनों में प्रस्तावित थी। सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं के बीच परिवार जल्द निकाह कराने की कोशिश कर रहे हैं।
UCC को लेकर सोशल मीडिया पर फैली चर्चा
दरअसल, मध्य प्रदेश विधानसभा से UCC बिल पारित होने के बाद सोशल मीडिया पर इससे जुड़ी कई तरह की बातें तेजी से प्रसारित हो रही हैं। इनमें एक प्रमुख दावा कजिन मैरिज को लेकर है। चचेरे या ममेरे भाई-बहन के बीच होने वाली शादी को लेकर यह संदेश फैलाया गया कि UCC लागू होने के बाद ऐसी शादियों पर पूरी तरह रोक लग जाएगी। इसी जानकारी के कारण लोगों में जल्दबाजी की स्थिति बनने की बात सामने आई है।
राज्यपाल के पास विचाराधीन है बिल
मध्य प्रदेश विधानसभा से पारित UCC बिल अभी राज्यपाल के पास विचाराधीन बताया गया है। इसके बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी होने और आवश्यक मंजूरी मिलने के बाद ही यह आधिकारिक रूप से कानून का रूप ले सकेगा। यानी विधानसभा से बिल पास होने और कानून के प्रभावी होने के बीच अभी प्रक्रिया बाकी है। ऐसे में सोशल मीडिया पर चल रही जानकारी को सीधे लागू कानून मान लेना सही नहीं होगा।
बिल में कजिन मैरिज को लेकर क्या प्रावधान है?
दिए गए इनपुट के मुताबिक, UCC बिल की धारा 4(4) में दोनों पक्षों के बीच नातेदारी से जुड़े प्रावधान का उल्लेख है। इसी हिस्से को आधार बनाकर कजिन मैरिज पर रोक की बात सोशल मीडिया पर फैलाई गई। हालांकि, इसी प्रावधान में यह भी बताया गया है कि यदि किसी पक्ष के धर्म या रीति-रिवाज में रिश्तेदारों के बीच ऐसी शादी को पहले से मान्यता प्राप्त है, तो उसे मान्यता जारी रहने का प्रावधान है। इसलिए केवल एक पंक्ति के आधार पर पूरे प्रावधान की अलग व्याख्या करना भ्रम पैदा कर सकता है।
अफवाहों के बीच लोगों से सावधानी की अपील
UCC को लेकर फैल रही चर्चाओं के बीच वक्फ बोर्ड और भोपाल के शहर काजी की ओर से भी लोगों को स्थिति समझाने की कोशिश की जा रही है। फिलहाल बिल की अंतिम कानूनी प्रक्रिया पूरी होना बाकी है। ऐसे में किसी भी वायरल मैसेज या सोशल मीडिया पोस्ट पर भरोसा करने के बजाय आधिकारिक दस्तावेज और सरकार की ओर से जारी जानकारी को देखना जरूरी है। निकाह को लेकर बढ़ी भीड़ इसी बात का संकेत है कि अधूरी जानकारी किस तरह लोगों के फैसलों को प्रभावित कर सकती है।