Bihar Coaching News: बिहार में कोचिंग संस्थानों की मनमानी पर लगाम लगाने के लिए राज्य सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कोचिंग सेंटर चलाने को लेकर कई निर्देश जारी किए हैं। कोचिंग सेंटर में स्कूल या कॉलेज के समय के दौरान कोचिंग क्लास चलाने की इजाजत नहीं होगी। इसके अलावा बिहार सरकार ने कोचिंग सेंटर्स से उनके यहां पढ़ने वाले स्टूडेंट्स की डिटेल्स भी मांगी हैं।
ऑफिशियल एक्स अकाउंट पर जारी किए निर्देश
बिहार के सीएम सम्राट चौधरी ने अपने ऑफिशियल एक्स अकाउंट पर कोचिंग सेंटर्स के लिए जारी निर्देश की जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि राज्य में छात्रों के हितों को प्राथमिकता देते हुए कोचिंग चलाने को लेकर शिक्षा विभाग को महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए हैं।
सरकार ने जारी किए निर्देश
अब कोई भी कोचिंग सेंटर उस समय क्लास नहीं चला पाएगा जब स्कूल या कॉलेज खुले होते हैं। ऐसा इसलिए किया गया है ताकि छात्र अपने स्कूल-कॉलेज की पढ़ाई छोड़कर कोचिंग न जाएं। सभी कोचिंग संस्थानों को अब अपने यहां पढ़ रहे सभी छात्र-छात्राओं की पूरी जानकारी जिला प्रशासन को सौंपना होगा। जिन छात्रों ने अपनी रेगुलर पढ़ाई कर ली है, उन पर स्कूल-कॉलेज के समय वाला नियम लागू नहीं होगा। वे उस समय में कोचिंग क्लास ले सकते हैं।
नियम तोड़ने वालों के खिलाफ होगी सख्त कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने शिक्षा विभाग को कोचिंग सेंटर्स से जुड़ी नियमावली तैयार करने का निर्देश दिया है। मुख्यमंत्री ने शिक्षा विभाग को 'बिहार कोचिंग संस्थान (नियंत्रण एवं विनियमन) विधेयक, 2010' के नियमों को और सख्त कर सकती है। अगर कोई कोचिंग संस्थान इन नियमों का उल्लंघन करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है।
यह भी पढ़ें: NEET UG 2026: नीट री-एग्जाम को लेकर आज संसद में हाई-लेवल मीटिंग, NTA और NMC अधिकारियों से होगी पूछताछ
शिक्षा मंत्री ने क्या कहा?
बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने हाल ही में कोचिंग संस्थानों के लिए नियम सख्त करने और नियम तोड़ने वाले कोचिंग संस्थानों पर रोक लगानी की बात कही थी। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा है कि कोचिंग संस्थानों के बीच आपस की कंपटीशन की वजह से कई बार तनाव पैदा हो जाता है, जिससे कानून-व्यवस्था बिगड़ने का खतरा रहता है। इसे रोकने के लिए सरकार एक खास नीति बना रही है। मिथिलेश तिवारी ने कहा कि सरकार एक सुधार अभियान चला रही है, जिसके तहत यह देखा जा रहा है कि किस संस्थान को किस तरह की सुविधा या सुधार की जरूरत है। इसके आधार पर आगे की नीति तय की जाएगी।
क्यों लिया गया यह फैसला?
दरअसल, हाल ही में पटना में मशहूर शिक्षक 'खान सर' के कोचिंग संस्थान में तोड़फोड़ और सुरक्षा गार्ड के साथ मारपीट की घटना सामने आई थी। इस मामले का आरोप पास के ही 'ज्ञान बिंदु कोचिंग' पर लगा है। इस मामले में ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक रौशन आनंद सहित तीन लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। इस घटना के बाद राज्य सरकार ने कोचिंग व्यवस्था को और सख्त बनाने की तैयारी शुरू कर दी है।