PM Awas Yojana : बिहार में कच्चे मकानों में रहने वाले लाखों परिवारों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। राज्य के 11.18 लाख से ज्यादा परिवारों को जल्द ही पक्के घर बनाने के लिए आवास स्वीकृति पत्र दिए जाएंगे। पटना पहुंचे केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत इन परिवारों को मंजूरी दिए जाने की जानकारी दी। सरकार का कहना है कि इस पहल से जरूरतमंद परिवारों को पक्की छत मिल सकेगी।
गरीब परिवारों के घर का सपना होगा पूरा
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लक्ष्य देश के हर गरीब परिवार को पक्का घर उपलब्ध कराना है। इसी उद्देश्य के तहत बिहार में कच्चे मकानों में रहने वाले 11 लाख से ज्यादा परिवारों के लिए नए आवासों की मंजूरी दी जा रही है। आवास स्वीकृति पत्र मिलने के बाद पात्र परिवार अपने पक्के घर के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ सकेंगे। सरकार इसे गरीब परिवारों के जीवन में बड़ा बदलाव लाने वाला कदम बता रही है।
किसानों के लिए भी योजनाओं पर जोर
शिवराज सिंह चौहान ने बिहार में किसानों से जुड़ी योजनाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से जुड़कर किसानों के हित में काम कर रही है। इस योजना के तहत फसल खराब होने की स्थिति में किसानों को आर्थिक सहायता मिल सकती है। उन्होंने पीएम आशा योजना के तहत बिहार में मसूर की खरीद का भी उल्लेख किया। साथ ही किसान ID बनाने में बिहार को देश के अग्रणी राज्यों में बताया।
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केंद्र और राज्य की योजनाओं पर फोकस
बिहार के मंत्री विजय सिन्हा ने कहा कि केंद्र और राज्य में एक ही गठबंधन की सरकार होने का फायदा अब लोगों को जमीन पर दिखाई दे रहा है। उनके मुताबिक, गरीब परिवारों को पक्का घर उपलब्ध कराने की दिशा में ये बड़ा कदम है। उन्होंने कहा कि 11 लाख से ज्यादा परिवारों के लिए आवास की व्यवस्था होने से राज्य में विकास और जनकल्याण के कामों को नई गति मिलेगी।
पक्के घर से बदलेगी परिवारों की जिंदगी
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिलने वाली मंजूरी उन परिवारों के लिए अहम है, जो अभी कच्चे मकानों में रह रहे हैं। पक्का घर मिलने से उन्हें मौसम की मुश्किलों से राहत के साथ रहने के लिए बेहतर और सुरक्षित जगह मिल सकेगी। सरकार की ओर से लगातार गरीब परिवारों तक आवास जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने पर जोर दिया जा रहा है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि स्वीकृति पत्र मिलने के बाद इन घरों का निर्माण कितनी तेजी से पूरा होता है।