मेरठ। देश के चर्चित नीला ड्रम में सजा का फैसला आने का लोगों को इंतजार है। दोनों को फांसी होगी या फिर उम्रकैद इसका फैसला 14 अक्टूबर को होगा। कोर्ट का फैसला आते ही मुस्कान और साहिल की जेल के अंदर दिनचर्या बदल जाएगी और दोनों को नाम से नहीं बल्कि कैदी नंबर से जेल के अंदर गिनती होगी और कैदियों के कपड़े पहनने होंगे। साथ ही फैसले के बाद दोनों की बैरक भी बदल सकती है।
यह था मामला
3 मार्च 2025 को मुस्कान रस्तोगी ने अपने प्रेमी साहिल शुक्ला के साथ मिलकर पति सौरभ राजपूत निवासी इंदिरापुरम की सब्जी काटने वाले चाकू से हत्या कर दी थी और शव को टुकड़ों में काटकर नीले ड्रम में डालकर उस पर सीमेंट और रेत डालकर जमा दिया था। इस जघन्य हत्या को अंजाम देने के बाद दोनों कैब बुक कर उत्तराखंड और हिमाचल घूमने के लिए चले गए थे।
सौरभ के भाई राहुल उर्फ बबलू ने हत्या की आशंका जताते हुए ब्रह्मपुरी थाने में मुस्कान और साहिल के खिलाफ तहरीर दी थी। 18 मार्च को पुलिस ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी और दोनों की निशानदेही पर छत पर रखे नीले ड्रम से सौरभ का शव बरामद किया था। पुलिस ने 19 मार्च को मुकदमा दर्ज दोनों को जेल भेज दिया था। बुधवार यानि 30 सितंबर को जिला जज अरविंद कुमार मिश्र ने मुस्कान और साहिल को दोषी करार दिया और फैसला सुनाने के लिए 14 अक्टूबर की तिथि नियत की है।
फैसला आते ही दोनों कैदी बन जाएंगे
14 अक्टूबर को फैसला आते ही मुस्कान और साहिल की दिनचर्या बदल जाएगी और जेल के अंदर नाम की जगह दोनों को कैदी नंबर से बुलाया जाएगा। वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा के मुताबिक जेल नियम के अनुसार सजा होते ही मुस्कान और साहिल को कैदी नंबर दिया जाएगा और जेल की गिनती के दौरान दोनों को कैदी नंबर से पुकारा जाएगा। साथ ही दोनों को कैदियों वाले कपड़े पहनने होंगे। नियम के तहत मुस्कान को सफेद, हल्के क्रीम कलर की साड़ी या सूट दिया जाएगा।
साहिल को पुरुष कैदियों वाला यूनिफॉर्म सफेद कुर्ता, पैंट दी जाएगी। दोनों को यही कपड़े पहनने होंगे, जिससे उनकी पहचान जेल में अलग से हो सके। उन्होंने बताया, अंडर ट्रायल बंदी अपने कपड़े पहन सकते हैं, लेकिन सजा होने के बाद जेल नियमों के मुताबिक यूनिफॉर्म पहननी पड़ती है। फैसला आने के बाद मुस्कान और साहिल की मुलाकात भी नहीं होगी, क्योंकि दोनों में खून का रिश्ता नहीं और न ही पति-पत्नी हैं। सजा सुनाए जाने के बाद मुस्कान महिला और साहिल पुरुष बैरक में नियमानुसार सजा काटेगा। दोनों का आमना-सामना सजा के फैसले वाले दिन होगा।