देशभर के प्रतिष्ठित सरकारी और निजी संस्थानों को बम से उड़ाने की धमकियां देने वाले एक शातिर आरोपी को आखिरकार पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह आरोपी कई महीनों से अलग-अलग ईमेल आईडी के जरिए 1100 से अधिक जगहों को धमकी भरे संदेश भेज रहा था। उसकी गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने राहत की सांस ली है और अब उससे गहन पूछताछ जारी है।
देशभर में फैलाई दहशत, अब गिरफ्त में आरोपी
देश के कई राज्यों में सुरक्षा एजेंसियों को लंबे समय से मिल रही बम धमकियों का सिलसिला अब थम गया है। आरोपी को कर्नाटक के मैसूर से गिरफ्तार किया गया है। वह लगातार अलग-अलग पहचान का इस्तेमाल कर धमकी भरे मेल भेज रहा था, जिससे कई शहरों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया था।
1100 से ज्यादा संस्थानों को भेजे फर्जी ईमेल
जांच में सामने आया कि आरोपी ने पिछले कुछ महीनों में 1100 से अधिक सरकारी और निजी संस्थानों को धमकी दी थी। इनमें कोर्ट, एयरपोर्ट, विश्वविद्यालय और अन्य महत्वपूर्ण कार्यालय शामिल थे। हर बार मेल में बम धमाके की चेतावनी दी जाती थी, जिससे सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर आ जाती थीं।
मध्य प्रदेश भी रहा निशाने पर
आरोपी ने मध्य प्रदेश के कई अहम संस्थानों को भी अपनी धमकियों का निशाना बनाया था। राजधानी भोपाल सहित अन्य शहरों के कार्यालय, विश्वविद्यालय और एयरपोर्ट को लेकर भी धमकी भरे संदेश भेजे गए थे। इसके चलते कई जगहों पर सुरक्षा बढ़ानी पड़ी और जांच अभियान चलाए गए।
बेरोजगारी और मानसिक तनाव बना वजह
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह बेरोजगारी और मानसिक तनाव से गुजर रहा था। इसी वजह से उसने इस तरह की हरकतें शुरू कीं। उसके पास से कई सिम कार्ड और डिजिटल उपकरण भी बरामद किए गए हैं, जिनका इस्तेमाल वह अपनी पहचान छिपाने के लिए करता था।
डिजिटल प्लेटफॉर्म का किया सुनियोजित इस्तेमाल
आरोपी तकनीकी रूप से काफी सक्रिय था और उसने कई ईमेल आईडी बनाकर योजनाबद्ध तरीके से धमकियां भेजीं। इस वजह से उसे पकड़ना पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ था। अब जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि कहीं इस मामले में कोई और व्यक्ति तो शामिल नहीं है।