देशभर में Budget 2026 को लेकर उत्सुकता चरम पर है और निवेशक वित्त मंत्री के ऐलानों पर नजर टिकाए बैठे हैं। इस बार 1 फरवरी रविवार को पड़ने के कारण लोगों के मन में सवाल था कि शेयर बाजार खुलेगा या नहीं। इसका जवाब सामने आ चुका है—इस ऐतिहासिक दिन पर NSE और BSE में विशेष ट्रेडिंग सत्र आयोजित होगा, जिससे निवेशकों को बिना रुकावट कारोबार करने का मौका मिलेगा।
रविवार को भी होगा कारोबार
आमतौर पर सप्ताहांत में शेयर बाजार बंद रहता है, लेकिन Budget 2026 के दिन रविवार होने के बावजूद बाजार खुला रहेगा। इस दिन दोनों प्रमुख एक्सचेंजों में विशेष ट्रेडिंग सत्र होगा, ताकि निवेशक बजट घोषणाओं पर तुरंत प्रतिक्रिया दे सकें। इससे यह साफ हो गया है कि बजट के दिन बाजार की चाल को रियल टाइम में देखा जा सकेगा।
इतिहास में गिनी-चुनी बार मिला ऐसा मौका
भारतीय शेयर बाजार के इतिहास में बहुत कम मौके आए हैं जब रविवार को ट्रेडिंग कराई गई हो। Budget 2026 ऐसा ही एक विशेष अवसर बन रहा है। इससे पहले भी कुछ वर्षों में खास परिस्थितियों में बाजार खोला गया था। इस कदम का मकसद निवेशकों को पारदर्शी और निर्बाध कारोबारी माहौल देना है।
बजट से तय होगी आर्थिक दिशा
हर साल पेश होने वाला बजट सिर्फ आय–व्यय का ब्योरा नहीं होता, बल्कि यह आने वाले वर्षों की आर्थिक नीति की झलक देता है। टैक्स ढांचे में बदलाव, इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश, रोजगार योजनाएं और उद्योगों को मिलने वाली राहत—ये सभी बातें बाजार की धारणा को प्रभावित करती हैं। निवेशक इन्हीं संकेतों के आधार पर अपनी रणनीति तय करते हैं।
किन सेक्टरों पर रहेगी नजर
बजट में जिन क्षेत्रों को ज्यादा समर्थन या फंडिंग मिलती है, वहां से जुड़ी कंपनियों के शेयरों में तेजी देखने को मिल सकती है। वहीं जिन सेक्टरों को अपेक्षाकृत कम प्राथमिकता मिलती है, वहां दबाव बन सकता है। बैंकिंग, इंफ्रास्ट्रक्चर, रियल एस्टेट, टेक्नोलॉजी और ग्रीन एनर्जी जैसे सेक्टरों पर इस बार खास नजर रहेगी।
निवेशकों के लिए क्या है रणनीति
विशेष ट्रेडिंग सत्र के चलते निवेशकों को बजट घोषणाओं के तुरंत बाद फैसले लेने का अवसर मिलेगा। विशेषज्ञ मानते हैं कि ऐसे दिनों में बाजार में उतार-चढ़ाव तेज हो सकता है, इसलिए सोच-समझकर कदम उठाना जरूरी होगा। दीर्घकालिक निवेशक नीतिगत संकेतों पर ध्यान दें, जबकि शॉर्ट-टर्म ट्रेडर्स को वोलैटिलिटी के लिए तैयार रहना चाहिए।