भारत और साउथ अफ्रीका के बीच खेले जा रहे पहले टेस्ट का शुरुआती दिन जसप्रीत बुमराह के नाम रहा। ईडन गार्डन्स की पिच पर बुमराह ने ऐसी आग उगली कि साउथ अफ्रीका की पूरी टीम सिर्फ 159 रनों पर ढेर हो गई। भारतीय गेंदबाजों का दबदबा पूरे दिन बना रहा, लेकिन सबसे ज्यादा प्रभावशाली प्रदर्शन बुमराह ने किया, जिन्होंने अकेले 5 विकेट चटकाकर अफ्रीकी बल्लेबाजी क्रम की कमर तोड़ दी। मैच की शुरुआत में ही उन्होंने अपनी सटीक लाइन-लेंथ और रफ्तार से ओपनर्स को पवेलियन भेजा और साउथ अफ्रीका को शुरुआत से ही बैकफुट पर धकेल दिया।
टेस्ट करियर में 16वीं बार पांच विकेट
इस शानदार प्रदर्शन के साथ बुमराह ने अपने टेस्ट करियर में 16वीं बार एक पारी में पाँच विकेट लेने का कारनामा किया है। ईडन गार्डन्स में यह उनका पहला टेस्ट है और डेब्यू मैच में ही “फाइव-फॉर” लेकर बुमराह ने इस मैदान पर अपने नाम एक नया अध्याय जोड़ दिया। उनकी गेंदबाजी की स्विंग, गति और सटीकता ने साफ दिखा दिया कि क्यों वे आज विश्व क्रिकेट के सबसे खतरनाक तेज गेंदबाजों में गिने जाते हैं। उनकी इस उपलब्धि ने यह भी साबित कर दिया कि भारतीय परिस्थितियों में भी वह उतने ही घातक हैं जितने विदेशी पिचों पर।
SENA देशों के खिलाफ रिकॉर्ड
सबसे खास बात यह रही कि बुमराह ने SENA देशों साउथ अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ गेंदबाजी करते हुए अपने 16 में से 13 बार पांच विकेट लिए हैं। किसी भी एशियाई गेंदबाज का ऐसा रिकॉर्ड पहली बार देखने को मिला है। इस उपलब्धि के साथ ही उन्होंने पाकिस्तान के महान गेंदबाज वसीम अकरम के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया, जिन्होंने 12 बार ऐसा किया था। यह आंकड़ा बताता है कि दुनिया की सबसे चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में भी बुमराह बल्ले से नहीं, गेंद से मैच की दिशा मोड़ने की क्षमता रखते हैं।
चौथा फाइव-फॉर विकेट
साउथ अफ्रीका के खिलाफ बुमराह का यह चौथा फाइव-फॉर है, जिससे उन्होंने जवागल श्रीनाथ और हरभजन सिंह की बराबरी कर ली है। इस पारी में उन्होंने रियान रिकल्टन, एडन मार्करम, टोनी डी जॉर्जी, साइमन हार्मर और केशव महाराज को अपना शिकार बनाया। शुरुआती 7 ओवर में सिर्फ 9 रन देकर दो विकेट निकालने के बाद बुमराह ने लगातार दबाव बनाया और अफ्रीकी बल्लेबाजों को कोई मौका नहीं दिया। उनकी घातक गेंदबाजी के सामने साउथ अफ्रीका पूरी तरह बिखर गया और भारत ने पहले ही दिन मुकाबले पर मजबूत पकड़ बना ली।