छत्तीसगढ़ राज्य अपने गठन के 25 साल पूरे होने पर इतिहास रचने जा रहा है। इस साल का राज्योत्सव खास इसलिए भी है क्योंकि इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक नवंबर को करेंगे। रायपुर में होने वाला यह रजत जयंती समारोह पांच दिनों तक चलेगा, जिसमें राज्य की सांस्कृतिक विरासत, विकास यात्रा और नई उपलब्धियों का प्रदर्शन होगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बताया कि इस आयोजन में उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन भी शामिल होंगे।
रायपुर में होगा मुख्य आयोजन, जिलों में भी मनाया जाएगा उत्सव
राज्य सरकार ने बताया है कि राज्योत्सव का मुख्य आयोजन रायपुर में होगा, जहां 1 से 5 नवंबर तक रंगारंग कार्यक्रम होंगे। इसी के साथ सभी जिलों में तीन दिनों तक उत्सव मनाया जाएगा। मंचीय प्रस्तुतियों, लोकनृत्य, हस्तशिल्प प्रदर्शनियों और खाद्य मेलों के जरिए छत्तीसगढ़ की परंपरा और संस्कृति को नए अंदाज़ में प्रस्तुत किया जाएगा। राज्य गठन के बाद की विकास यात्रा को थीम बनाकर विशेष प्रदर्शनी लगाई जाएगी।
पीएम मोदी करेंगे तीन बड़े उद्घाटन
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस अवसर पर छत्तीसगढ़ विधानसभा के नवनिर्मित भवन और भव्य आदिवासी संग्रहालय का उद्घाटन भी करेंगे। राज्य सरकार का मानना है कि यह आयोजन ‘नए छत्तीसगढ़’ की दिशा तय करेगा। पीएम मोदी का यह दौरा राज्य के लिए राजनीतिक और विकासात्मक दोनों ही दृष्टि से अहम माना जा रहा है।
राज्य की विकास गाथा होगी मुख्य आकर्षण
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के मुताबिक, इस समारोह में राज्य के 25 वर्षों की उपलब्धियों को प्रदर्शित किया जाएगा। स्वच्छता, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, उद्योग और कृषि में हुई प्रगति को विशेष रूप से दिखाया जाएगा। मंच पर डॉक्यूमेंट्री, प्रदर्शनी और डिजिटल प्रेजेंटेशन के जरिए यह दर्शाया जाएगा कि कैसे छत्तीसगढ़ ने खुद को ‘खनिज राज्य’ से ‘विकास मॉडल’ में बदल लिया है।
लोक संस्कृति से सजेगा मंच, कलाकार देंगे खास प्रस्तुति
राज्योत्सव का मंच इस बार पूरी तरह पारंपरिक छत्तीसगढ़ी सौंदर्यशास्त्र से सजाया जाएगा। ‘सुआ नृत्य’ से लेकर ‘पंथी’ और ‘रौत नाचा’ तक, हर दिन अलग-अलग लोकनृत्य और संगीत प्रस्तुत किए जाएंगे। इसके साथ ही स्थानीय कलाकारों को मंच देने पर विशेष ध्यान रहेगा ताकि नई पीढ़ी अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़ सके।