नई दिल्ली में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सौजन्य भेंट कर प्रदेश के महत्वपूर्ण विकास कार्यों, उपलब्धियों और आगामी आयोजनों की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को जल गंगा संवर्धन अभियान के समापन व कृषि मेले में शामिल होने का निमंत्रण भी दिया।
पीएम से मुलाकात में रखे गए कई महत्वपूर्ण मुद्दे
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपने दिल्ली दौरे के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिले। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री को मध्य प्रदेश की वर्तमान स्थिति और विकास से जुड़े कई अहम विषयों से अवगत कराया। मुख्यमंत्री ने बताया कि पीएम को प्रदेश की जनकल्याणकारी योजनाओं, नक्सल विरोधी अभियानों की प्रगति और विभिन्न अधोसंरचना परियोजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
जल गंगा अभियान समापन में पीएम होंगे वर्चुअल शामिल
सीएम मोहन यादव ने प्रधानमंत्री को बताया कि प्रदेश में जल गंगा संवर्धन अभियान 30 मार्च से चल रहा है और इसका समापन 30 जून को होगा। इस समापन समारोह में प्रधानमंत्री वर्चुअल माध्यम से शामिल होंगे। यह अभियान जल संरक्षण और नदी पुनर्जीवन को लेकर प्रदेश सरकार की एक अनोखी पहल है।
सीहोर में विशाल कृषि मेले का निमंत्रण
मुख्यमंत्री ने अक्टूबर 2025 में सीहोर में प्रस्तावित कृषि महोत्सव का भी उल्लेख किया। 12 से 14 अक्टूबर के बीच यह मेला किसानों, कृषि वैज्ञानिकों और निवेशकों के लिए एक बड़ा मंच होगा। सीएम ने पीएम मोदी से आग्रह किया कि वे स्वयं इस कृषि महोत्सव में पधारें और प्रदेश के किसानों को मार्गदर्शन दें।
मेट्रो, पीएम मित्र पार्क और टेलीकॉम पार्क की दी जानकारी
सीएम ने प्रधानमंत्री को आदिवासी बहुल धार जिले में पीएम मित्र टेक्सटाइल पार्क, भोपाल मेट्रो प्रोजेक्ट और ग्वालियर में प्रस्तावित टेलीकॉम पार्क की प्रगति के बारे में भी बताया। ये सभी योजनाएं मध्य प्रदेश को नई औद्योगिक दिशा देने वाली हैं।
डोंगला वेधशाला और वैश्विक सम्मेलन की योजना
मुख्यमंत्री ने बताया कि उज्जैन के पास डोंगला में समय गणना के लिए एक आधुनिक वेधशाला की स्थापना की गई है, जो खगोलीय विज्ञान के क्षेत्र में क्रांति ला सकती है। जनवरी 2026 में वहां एक वैश्विक सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा।
विक्रमादित्य अलंकरण और नक्सल अभियान पर चर्चा
सीएम मोहन ने पीएम को यह भी प्रस्ताव दिया कि सम्राट विक्रमादित्य के नाम पर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कोई अलंकरण स्थापित किया जाए। साथ ही, उन्होंने बताया कि मार्च 2026 तक प्रदेश को नक्सल मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है। बीते डेढ़ साल में 10 से अधिक नक्सली मारे गए हैं जिन पर 1.62 करोड़ रुपये का इनाम था।
राज्य में बड़े स्तर पर भर्ती की तैयारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में नौ वर्षों से लंबित पदोन्नति संबंधी मामलों का निराकरण हो चुका है, जिससे करीब दो लाख नए पदों पर भर्ती की राह खुल गई है। इससे प्रशासनिक ढांचे को मजबूती मिलेगी।