हाल ही में योगी ने कई ऐसे फैसले लिए हैं जिसने अखिलेश की परेशानी को बढ़ा दिया है, योगी के फैसले ऐसे होते हैं जिसकी चर्चा देश के कोने-कोने में सुनाई देती है, चाहे प्रदेश में कानून व्यवस्था का राज स्थापित करना हो या फिर बुलडोजर एक्शन की गूंज हो, चारों ओर योगी के कामों की तारीफ होती रहती है, लेकिन इस बीच योगी ने एक और बड़ा फैसला लिया है, जिसने हर शिवभक्त को गदगद कर दिया है, इसके साथ ही विकास की रफ्तार को ऐसा बूस्ट किया है जिसके बाद पूरा सूबा योगी के फैसले का गुणगान कर रहा है.
संत कबीर नगर को दिया बड़ा तोहफा
दरअसल योगी अपने बड़े फैसलों से UP को विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जाने का काम कर रहे हैं, चाहे सड़कों का मायाजाल बिछाना हो या फिर नौजवानों को रोजगार देने की बात हो, योगी ने जो-जो वादे किए उसे पूरा करने में दिन-रात वो लगे हुए हैं, हालांकि अब योगी ने तीर्थस्थलों के कायाकल्प को लेकर बड़ी प्लानिंग की है, जिसका ऐलान खुद उन्होंने संतकबीनगर में किया. खबरों की मानें तो UP में तीर्थस्थलों के कायाकल्प की कड़ी में अब बाबा तामेश्वरनाथ धाम का नाम भी जुड़ गया है. खुद CM योगी ने संत कबीर नगर में ऐलान किया है कि बाबा तामेश्वरनाथ धाम को अयोध्या और काशी के समान एक भव्य तीर्थ स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा और उसे एक कॉरिडोर से जोड़ा जाएगा, जिससे श्रद्धालुओं को हर सुविधा मिलेगा, इससे न तो किसी को कोई परेशानी का सामना करना पड़ेगा, साथ ही स्थानीय लोगों को रोजगार भी मिलेगा.
काशी-अयोध्या जैसी होंगी हाईटेक व्यवस्थाएं
बता दें योगी ने 1515 करोड़ की योजनाओं का तोहफा संत कबीर नगर को दिया, इससे स्थानीय लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई है. क्योंकि अब विकास की रफ्तार को नए पंख इन रुपयों से लगेंगे, जिससे न सिर्फ पर्यटन क्षेत्र में संत कबीर नगर का नाम जुड़ेगा बल्कि नौजवान और जो छोटे दुकानदार हैं उन्हें भी अच्छी खासी कमाई हो सकेगी. बता दें योगी के फैसले से अब हजारों भक्त बाबा तामेश्वरनाथ में एक साथ दर्शन कर सकेंगे, जैसे काशी और अयोध्या में हाईटेक व्यवस्थाएं हैं वैसे ही अब संत कबीरनगर के बाबा तामेश्वरनाथ में दिखाई देंगी. योगी के ये फैसला मास्टरस्ट्रोक माना जा रहा है, क्योंकि इस फैसले से हर सनातनी गदगद हैं,
योगी के फैसले बढ़ाएंगे अखिलेश की परेशानी
एक ओर जहां योगी ने संत कबीर नगर में बड़ा ऐलान किया तो वहीं दूसरी ओर अब योगी सरकार सड़कों का मायाजाल बिछाकर एक नया कीर्तिमान स्थापित करने की दिशा में आगे बढ़ रही है. UPEIDA ने अब नौ नए एक्सप्रेसवे के निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया है, जिसकी लंबाई करीब 2063 किलोमीटर होगी, जिसकी लागत करीब 20 हजार करोड़ रुपये हैं, इन एक्सप्रेस वे से न सिर्फ UP के विकास को रफ्तार मिलेगी बल्कि देश की GDP से लेकर हर गरीब वर्ग के लोगों को इसका लाभ मिलेगा, क्योंकि अगर एक्सप्रेस वे बनेंगे तो बड़ी बड़ी मल्टीनेशनल कंपनियां यूपी में आएंगी जिससे नौजवानों को रोजगार मिलेगा. इसके साथ ही UP की GDP पर भी इसका असर होगा ये सब योगी राज में ही संभव हो पाया है क्योंकि एक समय था जब लोग विश्वास नहीं करते थे कि यूपी में एक्सप्रेसवे, एयरपोर्ट, मेट्रो, वाटरवे, रैपिड रेल जैसी सुविधाएं मिलेंगी, लेकिन योगी राज में ये सब वास्तविकता बन चुकी हैं जो कहीं न कहीं 2027 में अखिलेश की परेशानी को बढ़ा सकती है.