मध्यप्रदेश कांग्रेस नए साल में पूरी तरह से बदले अंदाज़ और नई रणनीति के साथ राजनीतिक मैदान में उतरने की तैयारी में है। संगठन को मजबूत करने के बाद अब पार्टी का फोकस आने वाले 2027 के नगरीय निकाय चुनावों पर है। 2025 को कांग्रेस ने ‘संगठन सृजन वर्ष’ घोषित किया है, जबकि 2026 को वह चुनावी रणनीति और बूथ स्तर पर तैयारी का वर्ष मानेगी। इस रोडमैप के जरिए कांग्रेस प्रदेश में अपनी जमीनी पकड़ को दोबारा मजबूत करना चाहती है।
पांच जोन में बंटेगा मध्यप्रदेश
प्रदेश कांग्रेस ने नई रणनीति के तहत मध्यप्रदेश को पांच जोन में बांटने का निर्णय लिया है – ग्वालियर-चंबल, मालवा-निमाड़, महाकौशल, मध्यक्षेत्र और बुंदेलखंड-विंध्य। प्रत्येक जोन में वरिष्ठ नेताओं को प्रभारी बनाया जाएगा, जो वहां की स्थानीय इकाइयों के साथ मिलकर संगठन को मजबूत करने का काम करेंगे। यह जोनल ढांचा न केवल क्षेत्रीय समीकरणों को साधेगा, बल्कि पार्टी के भीतर नेतृत्व को भी विकेंद्रित करेगा।
2025 संगठन सृजन का वर्ष, 2026 रणनीति का वर्ष
कांग्रेस ने 2025 को पूरी तरह से संगठन निर्माण के लिए समर्पित किया है। इस दौरान पार्टी ब्लॉक और जिला स्तर तक नई टीमों का गठन करेगी, युवाओं और महिलाओं को अधिक अवसर देगी। वहीं 2026 में पार्टी चुनावी रणनीति को तेज करेगी — बूथ स्तर पर सक्रियता, सोशल मीडिया कैंपेन और स्थानीय मुद्दों पर संवाद जैसे कदम उठाए जाएंगे।
2027 में मजबूत वापसी का लक्ष्य । कांग्रेस का लक्ष्य है कि 2027 के नगरीय निकाय चुनावों में वह मजबूती से वापसी करे। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि जनता के मुद्दों, बढ़ती महंगाई और स्थानीय समस्याओं को केंद्र में रखकर यदि रणनीति बनाई जाए तो बेहतर प्रदर्शन किया जा सकता है।