कोटे डी आइवर में भारत के राजदूत रमेश बाबू लक्ष्मणन ने गुरुवार को आबिदजान में राजनयिक कोर के डीन मौरिसियो रुएडा बेल्ट्ज से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने संवाद, सहयोग और आपसी समझ को बढ़ावा देने में राजनयिक कोर की भूमिका पर चर्चा की। भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर लिखा, "राजदूत रमेश बाबू लक्ष्मणन ने आबिदजान में राजनयिक कोर के डीन मोनसिग्नोर मौरिसियो रुएडा बेल्ट्ज से मुलाकात की। इस बैठक में आपसी हितों के मामलों पर विचारों का आदान-प्रदान करने और संवाद, सहयोग और समझ को बढ़ावा देने में राजनयिक कोर की भूमिका पर चर्चा करने का अवसर मिला।"
विभिन्न मुद्दों पर चर्चा
दूतावास ने आगे कहा, "भारतीय दूतावास आबिदजान में राजनयिक कोर के साथ निरंतर जुड़ाव और कोटे डी आइवर और व्यापक क्षेत्र के साथ भारत के राजनयिक और लोगों के बीच संबंधों को और मजबूत करने के लिए तत्पर है।"बुधवार को राजदूत लक्ष्मणन और पश्चिमी अफ्रीकी देश की विदेश मामलों और अंतरराष्ट्रीय सहयोग राज्य मंत्री नियाले काबा ने आपसी हित के विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की और दोनों देशों के बीच साझेदारी को मजबूत करने के रास्ते तलाशे।
साझेदारी को और मजबूत
भारतीय दूतावास ने 'एक्स' पर लिखा, "राजदूत रमेश बाबू लक्ष्मणन ने कोटे डी आइवर की विदेश मामलों और अंतरराष्ट्रीय सहयोग राज्य मंत्री नियाले काबा से शिष्टाचार भेंट की। उन्होंने आपसी हित के विभिन्न मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान किया और भारत और कोटे डी आइवर के बीच बहुआयामी साझेदारी को और मजबूत व गहरा करने के रास्ते तलाशे।"
साझा प्रतिबद्धता की पुन: पुष्टि
दूतावास ने आगे कहा, "यह सहयोग का विस्तार करने, और भी मजबूत भारत-कोटे डी आइवर साझेदारी बनाने की हमारी साझा प्रतिबद्धता की पुन: पुष्टि है।" इससे पहले अगस्त में विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह पश्चिमी अफ्रीकी देश के स्वतंत्रता दिवस समारोह में शामिल होने के लिए तीन दिन की आधिकारिक यात्रा पर कोटे डी आइवर गए थे। अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने राष्ट्रपति अलासाने वातारा से मुलाकात की और दोनों देशों के बीच बढ़ती साझेदारी पर चर्चा की।