बुलंदशहर। औरंगाबाद थाना क्षेत्र के गांव नगलाकरन निवासी असम रायफल्स में तैनात जवान का रविवार सुबह 72 घंटे में पार्थिव शरीर गांव पहुंचा।जवान के अंतिम संस्कार में हजारों लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा।जनप्रतिनिधियों के साथ पुलिस प्रशासन के अधिकारियों ने पुष्पचक्र अर्पित किए।मुखाग्नि बड़े बेटे उमंग ने दी।
बता दे कि गांव नगलाकरन निवासी राजेंद्र सिंह राघव के दूसरे नंबर के पुत्र असम रायफल्स में इंफाल में तैनात अरुण राघव की गत चार दिसंबर को हृदयगति रूकने से मौत हो गई थी।रविवार की सुबह करीब 9 बजे उनका पार्थिव शरीर गांव में पहुंचा।बाबूगढ़ छावनी से आए सेना के वाहन में पार्थिव शरीर रखकर युवाओं ने तिरंगा रैली जवान के आवास तक निकाली।जिसमें युवा हाथों में तिरंगा लिए जब तक सूरज चांद रहेगा,अरुण तेरा नाम रहेगा जैसे गगनभेदी नारे लगाते हुए चल रहे थे।जैसे ही पार्थिव शरीर जवान के आवास पर पहुंचा तो उनके अंतिम दर्शन के लिए पूरा गांव उमड़ पड़ा।पत्नी ब्यूटी और मां सुदामा का रोते हुए बुरा हाल था।पत्नी पति को निहारते हुए बार बार बेसुध हो रही थी।जवान के घर से अंतिम शवयात्रा निकाली गई।
मणिपुर से आए नायब सूबेदार धर्मवीर सिंह ने जवान के दोनों बेटे उमंग और रूद्र को तिरंगा और वर्दी भेट की।बुलंदशहर पुलिस लाइन से आए पुलिसकर्मियों ललित,अजय,शुभम,शनि और सुखदेव ने जवान को सलामी दी।भाजपा के जिलाध्यक्ष विकास चौहान,पूर्व जिलाध्यक्ष अनिल सिसोदिया,अनूपशहर विधायक संजय शर्मा,सिकंदराबाद विधायक लक्ष्मीराज सिंह,पूर्व चेयरमैन राजकुमार लोधी,मंडल अध्यक्ष हरीश लोधी,सीओ स्याना रामकरण सिंह,नायब तहसीलदार स्नेह तिवारी,भूमि विकास बैंक के पूर्व चेयरमैन केपी सिंह, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष तरसेम गुर्जर,जिला पंचायत सदस्य शैलेश शर्मा,औरंगाबाद इंस्पेक्टर रामनारायण सिंह,खानपुर इंस्पेक्टर संदीप मलिक,अगौता इंस्पेक्टर अतुल चौहान ने पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित किए।