DATIA CRIME: मध्य प्रदेश के दतिया में युवक के अपहरण का मामला सामने आया है। आरोप है कि बाइक को स्कॉर्पियो से टक्कर मारने के बाद कुछ लोगों ने युवक के साथ मारपीट की और उसे जबरन गाड़ी में बैठाकर ले गए। बताया जा रहा है कि गाड़ी पर ‘पुलिस’ लिखा था। बाद में युवक को गंभीर हालत में सड़क किनारे छोड़ दिया गया। मामले में पुलिस ने छह नामजद आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बाइक को टक्कर मारने के बाद शुरू हुआ विवाद
मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, महेवा निवासी 24 वर्षीय पवन यादव अपने चचेरे भाई संजय यादव के साथ कोर्ट में वकील से मिलने गया था। दोनों बाइक से वापस लौट रहे थे। इसी दौरान एक स्कॉर्पियो ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। आरोप है कि इसके बाद स्कॉर्पियो से उतरे लोगों ने पवन के साथ मारपीट शुरू कर दी।
झाड़ियों में भागा युवक, पीछा कर पकड़ने का आरोप
बताया जा रहा है कि मारपीट से घबराकर पवन वहां से भागकर झाड़ियों की तरफ चला गया। आरोप है कि पीछा करते हुए लोगों ने उसे पकड़ लिया और जबरन स्कॉर्पियो में बैठा लिया। जिस गाड़ी में युवक को ले जाने की बात सामने आई है, उसके पीछे ‘पुलिस’ लिखा होने का दावा किया गया है। वाहन का नंबर UP 93 BO 3238 बताया गया है।
सूचना मिलते ही पुलिस ने शुरू की घेराबंदी
पवन के चचेरे भाई संजय ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश के लिए नाकाबंदी और घेराबंदी की। आरोप है कि पुलिस की कार्रवाई के दबाव के बीच पवन को लक्ष्मणपुर गांव के पास सड़क किनारे गंभीर हालत में छोड़ दिया गया। इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
छह नामजद आरोपियों पर दर्ज हुई FIR
संजय यादव की शिकायत पर कोतवाली थाना पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इनमें दशरथ यादव, शैलेन्द्र यादव, विकास यादव, संजू यादव, राघवेंद्र यादव और सुरेन्द्र यादव के नाम शामिल हैं। पुलिस ने अपहरण और हत्या के प्रयास समेत अन्य धाराओं में FIR दर्ज की है।
आरोपियों की तलाश में पुलिस की दबिश जारी
FIR दर्ज होने के बाद पुलिस ने नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश देना शुरू कर दिया है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि युवक को जिस वाहन से ले जाया गया, वह किसके नाम पर है और उस पर ‘पुलिस’ लिखे होने की वजह क्या थी। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के आधार पर होगी।