दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब ज्यूरिख जा रही एक अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट टेकऑफ से ठीक पहले हादसे का शिकार हो गई। विमान के इंजन में अचानक खराबी आई और देखते ही देखते उसमें आग लग गई। हालांकि पायलट की सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई से बड़ा हादसा टल गया। सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन कुछ लोग घायल हो गए।
टेकऑफ से पहले इंजन फेल, बढ़ा खतरा
रविवार तड़के उड़ान भरने की तैयारी कर रही फ्लाइट के इंजन में अचानक तकनीकी खराबी आ गई। जैसे ही विमान रनवे पर आगे बढ़ा, उसके बाईं ओर से धुआं उठता दिखाई दिया। हालात को भांपते हुए पायलट ने तुरंत टेकऑफ रोकने का फैसला लिया, जिससे एक संभावित बड़ी दुर्घटना टल गई।
इंजन में लगी आग, इमरजेंसी घोषित
इंजन फेल होने के तुरंत बाद उसमें आग लग गई, जिसके चलते एयरपोर्ट पर ‘फुल इमरजेंसी’ घोषित कर दी गई। फायर ब्रिगेड और सुरक्षा एजेंसियां तुरंत हरकत में आईं। समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, जिससे स्थिति और बिगड़ने से बच गई।
245 लोग सवार, सुरक्षित निकासी
विमान में कुल 232 यात्री और 13 क्रू मेंबर सवार थे। आपात स्थिति में सभी सात इमरजेंसी गेट खोल दिए गए और यात्रियों को स्लाइड के जरिए तेजी से बाहर निकाला गया। इस दौरान भगदड़ जैसी स्थिति बनी, जिसमें 6 यात्री घायल हो गए, जिन्हें तुरंत चिकित्सा सहायता दी गई।
तकनीकी जांच शुरू, कारणों की पड़ताल
एयरलाइन की ओर से जारी बयान में बताया गया कि विमान एयरबस A330 मॉडल का था। घटना के बाद तकनीकी टीम को जांच के लिए सक्रिय कर दिया गया है। शुरुआती संकेत इंजन या लैंडिंग गियर में खराबी की ओर इशारा कर रहे हैं, लेकिन सटीक कारण जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएंगे।
त्वरित कार्रवाई से टला बड़ा हादसा
एयरपोर्ट स्टाफ, पायलट और आपातकालीन टीमों की तेज प्रतिक्रिया ने इस घटना को बड़े हादसे में बदलने से रोक दिया। सभी यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई और हालात को जल्द ही नियंत्रण में ले लिया गया। फिलहाल घटना की विस्तृत जांच जारी है।