IMD Report: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है और लोगों को मानसून का बेसब्री से इंतजार है। दक्षिण-पश्चिम मानसून भले ही इस बार केरल में अपनी सामान्य तारीख से कुछ दिन देरी से पहुंचा हो, लेकिन इसके बाद इसकी रफ्तार तेज हुई है। मौसम विभाग के अनुसार, वर्तमान स्थिति को देखते हुए दिल्ली और एनसीआर में मानसून जून के अंतिम सप्ताह में दस्तक दे सकता है, जिससे गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद बढ़ गई है।
केरल से महाराष्ट्र तक तेज़ी से बढ़ा मानसून
इस वर्ष दक्षिण-पश्चिम मानसून 4 जून को केरल पहुंचा, जो सामान्य तिथि से कुछ दिन देर था। हालांकि इसके बाद मानसून ने तेजी पकड़ी और पश्चिमी तट के कई हिस्सों को कवर करते हुए महाराष्ट्र में भी प्रवेश कर गया। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि इसकी मौजूदा प्रगति सामान्य बनी रही तो उत्तर भारत में भी समय पर बारिश की शुरुआत हो सकती है।
25 से 30 जून के बीच पहुंच सकता है मानसून
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुमान के अनुसार दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और आसपास के क्षेत्रों में मानसून 25 जून से 30 जून के बीच पहुंच सकता है। पिछले वर्ष मानसून 29 जून को दिल्ली पहुंचा था, जबकि इसकी सामान्य तिथि 27 जून मानी जाती है। इस बार भी मौसम विभाग जून के अंतिम सप्ताह में मानसून की सक्रियता की संभावना जता रहा है।
अगले एक सप्ताह तक जारी रह सकती है गर्मी
मौसम विभाग के अनुसार अगले सात दिनों तक दिल्ली में गर्मी का असर बना रहेगा। इस दौरान अधिकतम तापमान 36 से 41 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है, जबकि न्यूनतम तापमान 26 से 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। दिन के समय तेज धूप और उमस लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।
राज्यों की ओर बढ़ेगा सिस्टम
दिल्ली पहुंचने के बाद मानसून के हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़, हिमाचल प्रदेश, लद्दाख और जम्मू-कश्मीर की ओर बढ़ने की संभावना है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून की समय पर आमद न केवल गर्मी से राहत दिलाएगी, बल्कि कृषि गतिविधियों और जल संसाधनों के लिए भी महत्वपूर्ण साबित होगी। फिलहाल राजधानी के लोगों को राहत के लिए जून के अंतिम सप्ताह तक इंतजार करना पड़ सकता है।