दिल्ली पुलिस ने पिलखुवा के जीएस मेडिकल कॉलेज में छापामार कार्रवाई करते हुए यहां के प्रसूति विभाग में तैनात असिस्टेंट प्रोफेसर को हिरासत में ले लिया। असिस्टेंट प्रोफेसर जम्मू-कश्मीर का रहने वाला है और उसने फरीदाबाद की अल फलाह यूनिवर्सिटी से एमबीबीएस एमडी किया है। करीब दो-ढाई साल से डाक्टर मेडिकल कॉलेज के कैंपस में ही निवास कर रहा था। संभवतय दिल्ली में हुए विस्फोट से जोड़कर इस गिरफ्तारी को देखा जा रहा है।
बीते सोमवार को दिल्ली के लाल किला इलाके में आई-20 कार में विस्फोट हो गया था। इस विस्फोट में कई लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हैं। इस विस्फोट की जांच विभिन्न सुरक्षा एजेंसी के साथ-साथ दिल्ली पुलिस भी कर रही है। जिसमें पुलिस कई संदिग्ध लोगों को हिरासत में लेकर उनसे गहनता से पूछताछ कर रही है। इस मामले के तार उत्तर प्रदेश के सहारनपुर, कानपुर से लेकर जम्मू-कश्मीर और हरियाणा के फरीदाबाद से जुड़े हुए बताए जा रहे हैं।
बृहस्पतिवार को दिल्ली पुलिस की टीम ने पिलखुवा में स्थित जीएस मेडिकल कॉलेज में छापामार कार्रवाई की। इस दौरान पुलिस टीम ने प्रसूति विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर और जम्मू-कश्मीर निवासी डाक्टर यूसुफ को हिरासत में ले लिया। जिसके बाद टीम उनसे पूछताछ करने के लिए अपने साथ लेकर चली गई। बताया गया है कि जम्मू-कश्मीर का रहने वाले डाक्टर यूसुफ ने फरीदाबाद की अल फलाह यूनिवर्सिटी से एमबीबीएस-एमडी किया है। जिसके बाद करीब दो-ढाई साल से वह जीएस मेडिकल कॉलेज में ही तैनात है और वहीं कैंपस में निवास करता है। जानकारों का मानना है कि मेडिकल कॉलेज के असिस्टेंट प्रोफेसर के तार कहीं ना कहीं दिल्ली विस्फोट से जुड़े हो सकते हैं। हालांकि अभी दिल्ली पुलिस ने इस संबंध में किसी प्रकार की जानकारी नहीं दी है। लेकिन पूछताछ में कई अहम सुराग मिलने का कयास पुलिस अधिकारी लगा रहे हैं।
छावनी बन गया था मेडिकल कॉलेज
वर्तमान में पूरे देश की निगाह दिल्ली में हुए विस्फोट पर लगी हुई है। बृहस्पतिवार को जब दिल्ली पुलिस की टीम सुरक्षा एजेंसियों के साथ मेडिकल कॉलेज में आई तो वहां पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। हर कोई यही जानने की कोशिश कर रहा था कि आखिर पुलिस यहां क्यों आई है। जिसके बाद पुलिस टीमों ने असिस्टेंट प्रोफेसर को हिरासत में लिया तो तरह-तरह की चर्चाओं का दौर शुरू हो गया था। इस दौरान स्थानीय पुलिस ने मेडिकल कॉलेज को पूरी तरह से छावनी में तब्दील कर दिया था।