मध्य प्रदेश के देवास जिले में प्रशासनिक टीम ने अवैध रेत खनन पर लगाम कसने के लिए एक ऐसा अनोखा तरीका अपनाया, जिसे जानकर आप भी हैरान रह जाएंगे। खनिज विभाग की टीम ने इस बार खाकी वर्दी या सरकारी गाड़ियों की जगह बारातियों जैसा भेष और सजावट अपनाकर फतेहगढ़ घाट पर धावा बोला। पूरी कार्रवाई किसी बॉलीवुड सीन से कम नहीं लगी। लेकिन इसका नतीजा बेहद कारगर रहा – मौके से 10 ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त कर ली गई और माफियाओं की बोलती बंद हो गई।
फिल्मी अंदाज में रची गई योजना
देवास के सतवास क्षेत्र के फतेहगढ़ घाट पर बीते कई दिनों से अवैध रेत खनन की शिकायतें मिल रही थीं। लेकिन हर बार माफिया समय रहते फरार हो जाते थे, क्योंकि विभाग के पहुंचने से पहले ही उन्हें सूचना मिल जाती थी। इस बार खनिज विभाग, राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम ने पूरी प्लानिंग के साथ एक अलग रणनीति अपनाई। अधिकारी सफेद कुर्ता-पायजामा, साफा और टोपी पहनकर निजी वाहनों में बारातियों की तरह पहुंचे। गाड़ियों को भी सजाया गया ताकि कोई शक न हो।
मौके पर दबिश, माफिया धराए रंगे हाथ
जैसे ही ये 'बाराती' घाट पर पहुंचे, अवैध रेत भराई कर रहे माफिया कुछ समझ पाते उससे पहले ही टीम ने छापा मार दिया। 10 ट्रैक्टर-ट्रॉली मौके पर जब्त कर ली गईं। कन्नौद तहसीलदार अंजली गुप्ता ने बताया कि यह रणनीति इसलिए बनाई गई क्योंकि लगातार सूचना लीक हो रही थी, जिससे माफिया बच निकलते थे। इस बार माइनिंग टीम अलग समय पर, अलग वेश में पहुंची, जिससे माफिया पूरी तरह चौंक गए।
प्रशासन की सूझबूझ से माफियाओं को झटका
यह ऑपरेशन न केवल माफियाओं के लिए बड़ा झटका साबित हुआ है, बल्कि यह भी दिखाता है कि प्रशासनिक टीमें अब पुराने तरीकों से हटकर स्मार्ट एक्शन ले रही हैं। देवास जिले में यह कार्यवाही एक मिसाल बनकर सामने आई है।