डिस्काउंट की बारिश : देश के फैशन बाजार में इन दिनों भारी छूट और जल्दी शुरू हुई सेल का दौर देखने को मिल रहा है। कपड़ों, फुटवियर और लाइफस्टाइल प्रोडक्ट्स की बिक्री में लगातार गिरावट आने से बड़े फैशन ब्रांड्स दबाव में हैं। हालात ऐसे बन गए हैं कि जो सेल पहले जुलाई में शुरू होती थी, वह अब जून से ही शुरू कर दी गई है। कई कंपनियां ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए 40 प्रतिशत तक की छूट दे रही हैं.
बिक्री में गिरावट से बढ़ी चिंता
रिटेल सेक्टर से जुड़े विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले कुछ महीनों में फैशन प्रोडक्ट्स की मांग कमजोर हुई है। महंगाई और बढ़ते घरेलू खर्चों के कारण लोग जरूरत की चीजों पर ज्यादा ध्यान दे रहे हैं, जबकि फैशन और लग्जरी खरीदारी को टाल रहे हैं। इसका असर सीधे कपड़ा और फैशन कंपनियों की बिक्री पर पड़ा है। कई ब्रांड्स की बिक्री में करीब 30 प्रतिशत तक गिरावट दर्ज की गई है.
ग्राहकों को लुभाने की नई रणनीति
कमजोर डिमांड के बीच कंपनियां ग्राहकों को स्टोर्स और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की ओर खींचने के लिए नई रणनीतियां अपना रही हैं। बड़े-बड़े बैनर पर “फ्लैट 40% ऑफ”, “बाय वन गेट वन” और “मिड सीजन सेल” जैसे ऑफर दिखाई दे रहे हैं। कंपनियों का मानना है कि ज्यादा छूट देकर स्टॉक जल्दी खाली किया जा सकता है और नकदी का प्रवाह बनाए रखा जा सकता है.
ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों बाजार प्रभावित
सिर्फ मॉल और बाजार ही नहीं, बल्कि ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर भी फैशन कैटेगरी की रफ्तार धीमी पड़ी है। ऑनलाइन कंपनियां भी भारी डिस्काउंट देकर ग्राहकों को खरीदारी के लिए प्रेरित कर रही हैं। कई वेबसाइट्स पर ब्रांडेड कपड़ों, जूतों और एक्सेसरीज पर बड़ी कटौती देखने को मिल रही है। हालांकि, इसके बावजूद उम्मीद के मुताबिक बिक्री नहीं बढ़ पा रही है.
छोटे कारोबारियों पर ज्यादा असर
फैशन बाजार में मंदी का सबसे ज्यादा असर छोटे दुकानदारों और लोकल ब्रांड्स पर पड़ा है। बड़े ब्रांड्स जहां भारी डिस्काउंट देकर ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं, वहीं छोटे कारोबारी इतनी बड़ी छूट देने की स्थिति में नहीं हैं। इससे उनकी बिक्री और मुनाफा दोनों प्रभावित हो रहे हैं। कई दुकानदारों का कहना है कि ग्राहकों की संख्या पहले के मुकाबले काफी कम हो गई है.
त्योहारों के सीजन से उम्मीद
फैशन इंडस्ट्री को अब आने वाले त्योहारों और शादी के सीजन से उम्मीदें हैं। कंपनियों का मानना है कि रक्षाबंधन, दिवाली और वेडिंग सीजन के दौरान बाजार में फिर से खरीदारी बढ़ सकती है। फिलहाल ब्रांड्स डिस्काउंट और ऑफर्स के जरिए ग्राहकों को जोड़ने की कोशिश में जुटे हुए हैं, ताकि मंदी के असर को कम किया जा सके.