Donald Trump Tariff Letter: जिस बात का डर था, आखिर वही हुआ, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नई टैरिफ नीति का ऐलान कर दिया है. जिसे कई देशों के पसीने छूट गए हैं. क्योंकि उन्हें खुद भी नहीं पता था कि ट्रंप उन्हें भी इतना बड़ा झटका देगा. क्योंकि वह ट्रंप को अपना दोस्त समझते थे.. नई टैरिफ नीति की घोषणआ में सबसे पहले बांग्लादेश को रखा गया है..जिस पर 35%, जापान और दक्षिण कोरिया पर 25% टैरिफ लगाया गया है. ये टैरिफ 1 अगस्त से लागू होंगे. यही नहीं लोअस को 40 फीसदी टैरिफ देना होगा. आइये जानते हैं किस देश पर कितना पड़ने वाला है भार..
इन देशों को देना होगा सबसे अधिक टैरिफ
डोनाल्ड ट्रंप ने म्यांमार और लाओस पर सबसे अधिक 40 प्रतिशत शुल्क लगाने का ऐलान किया है, जबकि जापान और दक्षिण कोरिया पर 25% टैरिफ लगाया गया है. बताया जा रहा है कि जापान और दक्षिण कोरिया को 7 जुलाई को भारतीय समयानुसार रात 9:30 बजे के बाद सबसे पहले ये पत्र प्राप्त हुए. ट्रंप ने अपनी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर इन पत्रों को शेयर करते हुए दोनों देशों के आयात पर 25% टैरिफ की घोषणा की. जिससे इन देशों के राष्ट्रीय अध्यक्षों का भरोसा तो दोस्ती से पूरी तरह उठ गया होगा..
क्या बोले व्हाइट हाउस सचिव ?
व्हाइट हाउस प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने अपनी दैनिक ब्रीफिंग में कहा कि दिन के दौरान और पत्र भेजे जाएंगे. इसके कुछ ही मिनटों बाद ट्रंप ने मलेशिया, कजाकिस्तान, म्यांमार, लाओस और दक्षिण अफ्रीका को भेजे गए पांच और पत्र साझा किए. इसके बाद ट्यूनीशिया को भी 25% टैरिफ वाला पत्र मिला.
#WATCH | On trade deals, US President Donald Trump says, "...We are close to making a deal with India. We've made a deal with the United Kingdom. We've made a deal with China. Others we met with, and we don't think we're going to be able to make a deal, so we just send them a… pic.twitter.com/p5EWU1aeSU
— ANI (@ANI) July 8, 2025
किन देशों पर कितना टैरिफ?
म्यांमार और लाओस: 40%
कंबोडिया: 36%
बांग्लादेश और सर्बिया: 35%
इंडोनेशिया: 32%
बोस्निया और हर्जेगोविना, दक्षिण अफ्रीका: 30%
ट्यूनीशिया, मलेशिया, कजाकिस्तान, दक्षिण कोरिया, जापान: 25%
थाईलैंड: 36%
#WATCH | When asked if he is firm on his August 1 deadline for U.S. tariffs, US President Donald Trump says, "I would say firm but not a 100 per cent firm. If they call up and they say we would like to do something in a different way, we will be open to that..."
— ANI (@ANI) July 8, 2025
(Source: US… pic.twitter.com/GrvY2m6N44