Anushka Virat : अनुष्का शर्मा और विराट कोहली उन सेलिब्रिटी कपल्स में शामिल हैं, जिनकी निजी जिंदगी पर भी लोगों की लगातार नजर रहती है. पिछले कुछ समय से दोनों के लंदन में रहने को लेकर चर्चा होती रही है. अब माधुरी दीक्षित के पति और डॉक्टर डॉ. श्रीराम नेने ने एक बातचीत में इस फैसले से जुड़ी अहम वजह साझा की है.
भारत में नहीं मिल पाती थी प्राइवेसी
डॉ. श्रीराम नेने ने रणवीर इलाहाबादिया के साथ बातचीत के दौरान अनुष्का शर्मा से हुई एक पुरानी चर्चा का जिक्र किया. उनके मुताबिक, अनुष्का और विराट लंदन जाने के बारे में इसलिए सोच रहे थे क्योंकि भारत में अपनी सफलता और लोकप्रियता के बीच सामान्य जिंदगी जीना उनके लिए आसान नहीं था.
दोनों की लोकप्रियता इतनी ज्यादा है कि वे जहां भी जाते हैं, लोगों का ध्यान उनकी तरफ आकर्षित हो जाता है. ऐसे में निजी समय बिताना और बिना किसी परेशानी के सामान्य तरीके से बाहर जाना उनके लिए चुनौती बन सकता है.
बच्चों को सामान्य माहौल देना चाहते हैं
डॉ. नेने के मुताबिक, अनुष्का और विराट अपने बच्चों को भी ज्यादा सार्वजनिक ध्यान से दूर रखना चाहते हैं. उनकी कोशिश है कि बच्चों की परवरिश एक आम परिवार की तरह हो, जहां उन्हें हर समय कैमरों और लोगों की निगाहों का सामना न करना पड़े.
उन्होंने अपने अनुभव का उदाहरण देते हुए बताया कि मशहूर लोगों के लिए रोजमर्रा की छोटी-छोटी चीजें भी कभी-कभी मुश्किल हो जाती हैं. किसी रेस्टोरेंट में खाना खाने के दौरान सेल्फी के लिए लोगों का आना सामान्य बात है, लेकिन लगातार ऐसा होना निजी जिंदगी में दखल जैसा महसूस हो सकता है.
परिवार के लिए चुनी शांत जिंदगी
अनुष्का और विराट ने 2017 में शादी की थी। दोनों के दो बच्चे हैं। बेटी वामिका का जन्म 2021 में हुआ, जबकि बेटे अकाय का जन्म 2024 में हुआ. लंदन में रहने का फैसला ऐसे समय में सामने आया जब दोनों अपने परिवार और बच्चों के साथ ज्यादा निजी और शांत जीवन चाहते थे। हालांकि, दोनों का भारत से जुड़ाव बना हुआ है और काम या अन्य जरूरी कारणों से उनका आना-जाना जारी रहता है.
लोकप्रियता के साथ प्राइवेसी भी जरूरी
डॉ. नेने की बातों से यह संकेत मिलता है कि लंदन जाने के पीछे सिर्फ आराम या बेहतर सुविधाएं ही वजह नहीं थीं. बढ़ती लोकप्रियता के बीच निजी जिंदगी और बच्चों को सामान्य माहौल देने की इच्छा भी एक अहम कारण बताई गई है. अनुष्का और विराट के लिए यह फैसला अपनी प्रसिद्धि से दूर भागने के बजाय परिवार को अधिक निजी और शांत माहौल देने की कोशिश के तौर पर देखा जा सकता है.