Drishyam 3 Malayalam Review : मोहनलाल और जीतू जोसेफ की चर्चित फ्रेंचाइजी ‘दृश्यम’ का तीसरा पार्ट रिलीज हो चुका है. जॉर्जकुट्टी की कहानी को आगे बढ़ाने वाली इस फिल्म से दर्शकों को काफी उम्मीदें थीं. हालांकि शुरुआती समीक्षाओं के सामने आने के बाद फिल्म को लेकर राय एक जैसी नहीं है. कुछ रिव्यू में इसे ठीक-ठाक मनोरंजन बताया गया है, जबकि कुछ समीक्षकों को यह पिछले दोनों हिस्सों के मुकाबले कमजोर लगी.
कहानी की रफ्तार बनी चर्चा
फिल्म को लेकर सामने आई समीक्षाओं में सबसे ज्यादा बात इसकी कहानी की गति को लेकर हुई है. India Today की समीक्षा के मुताबिक पहले हाफ का बड़ा हिस्सा कहानी को बहुत आगे नहीं बढ़ाता और फिल्म इंटरवल के आसपास रफ्तार पकड़ती है. इसके बाद भी फिल्म ज्यादा समय ड्रामा पर निर्भर करती नजर आती है.
मोहनलाल की एक्टिंग ने संभाला मोर्चा
फिल्म की सबसे मजबूत कड़ी के तौर पर मोहनलाल की परफॉर्मेंस को सराहा गया है. Indian Express ने अपनी समीक्षा में उन्हें फिल्म का प्रमुख आकर्षण बताया और 2.5/5 की रेटिंग दी। जॉर्जकुट्टी के किरदार की मानसिक स्थिति और उसके भीतर चल रही उथल-पुथल को मोहनलाल ने प्रभावी तरीके से पेश किया है.
फैंस की उम्मीदों पर कितना खरी उतरी?
कुछ दर्शक प्रतिक्रियाओं में फिल्म को फ्रेंचाइजी की अब तक की सबसे कमजोर कड़ी भी कहा गया है, खासकर अंतिम हिस्से और कुछ किरदारों के बदलाव को लेकर सवाल उठे हैं. वहीं दूसरी ओर कुछ प्रतिक्रियाएं इसे संतोषजनक मनोरंजन मानती हैं और दूसरे हाफ के ट्विस्ट की तारीफ करती हैं.
अब अजय देवगन की फिल्म पर नजर
मलयालम ‘दृश्यम 3’ के बाद हिंदी दर्शकों की नजर अजय देवगन की ‘दृश्यम: द कन्क्लूजन’ पर है. खास बात यह है कि अजय ने बताया है कि हिंदी फिल्म की कहानी मलयालम तीसरे पार्ट से अलग रखी गई है। टीम ने स्क्रिप्ट पर करीब ढाई साल काम किया है.
यानी मलयालम फिल्म को लेकर भले ही प्रतिक्रियाएं मिली-जुली हों, लेकिन अजय देवगन की फिल्म में दर्शकों को एक अलग कहानी और नया क्लाइमैक्स देखने की उम्मीद है.