Duleep Trophy Stars : दलीप ट्रॉफी 2026 का खिताब ईस्ट जोन ने अपने नाम कर लिया है। फाइनल में साउथ जोन के खिलाफ मुकाबला ड्रॉ रहा, लेकिन पहली पारी में 372 रन की विशाल बढ़त के दम पर ईस्ट जोन चैंपियन बना। 13 साल बाद मिली इस सफलता में कप्तान ईशान किशन की भूमिका सबसे अहम रही।
ईशान किशन ने ठोका दमदार दावा
फाइनल में ईशान किशन ने बल्ले से ऐसा प्रदर्शन किया जिसने चयनकर्ताओं को सोचने पर मजबूर कर दिया है। पहली पारी में 270 रन और दूसरी पारी में 80 रन बनाकर उन्होंने कुल 350 रन जोड़े। पूरे टूर्नामेंट में उनके बल्ले से 409 रन निकले। लंबे समय से टेस्ट टीम से बाहर चल रहे ईशान ने अब न्यूजीलैंड सीरीज के लिए अपनी दावेदारी मजबूत कर दी है।
तिलक वर्मा ने भी छोड़ी छाप
साउथ जोन भले ही ट्रॉफी नहीं जीत सका, लेकिन कप्तान तिलक वर्मा ने अपने प्रदर्शन से खूब सुर्खियां बटोरीं। उन्होंने टूर्नामेंट में तीन पारियों में 266 रन बनाए। फाइनल में वह शतक से सिर्फ एक रन दूर रह गए और 99 रन की शानदार पारी खेली। सीमित ओवरों में भारत के लिए खेल चुके तिलक अब टेस्ट टीम के दरवाजे पर दस्तक दे रहे हैं।
युवा कुशाग्र ने बढ़ाई उम्मीदें
झारखंड के युवा विकेटकीपर बल्लेबाज कुमार कुशाग्र भी इस टूर्नामेंट के बड़े खोज साबित हुए। फाइनल की पहली पारी में उन्होंने 101 रन बनाए, जबकि दूसरी पारी में 46 रन का योगदान दिया। महज 21 साल की उम्र में उन्होंने दबाव वाले मुकाबले में परिपक्व बल्लेबाजी कर भविष्य के लिए मजबूत संकेत दिए हैं।
चयनकर्ताओं की नजर इन खिलाड़ियों पर
न्यूजीलैंड के खिलाफ आगामी टेस्ट सीरीज से पहले भारतीय टीम प्रबंधन घरेलू क्रिकेट में प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों पर नजर बनाए हुए है। दलीप ट्रॉफी जैसे बड़े मंच पर लगातार रन बनाने वाले खिलाड़ियों को अक्सर राष्ट्रीय टीम में मौका मिलता रहा है। ऐसे में इन तीन खिलाड़ियों की दावेदारी पहले से कहीं ज्यादा मजबूत मानी जा रही है।
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टेस्ट टीम में मिल सकता है मौका
ईशान किशन की विस्फोटक दोहरी पारी, तिलक वर्मा की निरंतरता और कुमार कुशाग्र की युवा प्रतिभा ने दलीप ट्रॉफी को यादगार बना दिया। अब सभी की नजर चयनकर्ताओं पर होगी कि न्यूजीलैंड टेस्ट सीरीज के लिए घोषित होने वाली टीम में इन उभरते सितारों को जगह मिलती है या नहीं।