Fire Brigade Staff To Increase: देश की राजधानी दिल्ली में आग लगने की घटनाओं और अन्य आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए दिल्ली सरकार ने अग्निशमन सेवा के विस्तार का फैसला किया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की पहल पर विभाग में विभिन्न श्रेणियों के 2,345 नए पद सृजित किए जाएंगे। वर्ष 1942 में स्थापना के बाद यह विभाग के इतिहास में सबसे बड़े स्तर का पद विस्तार बताया जा रहा है। इस निर्णय के बाद स्वीकृत पदों की कुल संख्या 3,096 से बढ़कर 5,441 हो जाएगी।
वरिष्ठ अधिकारियों से लेकर अग्निशामकों तक बढ़ेंगे पद
सरकार की योजना के तहत उप मुख्य अग्निशमन अधिकारी, मंडल अधिकारी, सहायक मंडल अधिकारी, स्टेशन अधिकारी, उप अधिकारी, अग्रणी अग्निशामक और अग्नि ऑपरेटर समेत कई पदों की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसके साथ ही चपरासी और माली जैसे पदों का भी विस्तार होगा। सरकार का मानना है कि अतिरिक्त कर्मचारियों की उपलब्धता से विभाग का संचालन बेहतर होगा और आग बुझाने तथा बचाव अभियान चलाने वाली टीमों को मजबूती मिलेगी।
बढ़ती आबादी से अग्निशमन सेवा की चुनौतियां बढ़ीं
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के मुताबिक, दिल्ली की बढ़ती आबादी, घनी बस्तियों, ऊंची इमारतों, औद्योगिक क्षेत्रों और बड़े बुनियादी ढांचे के कारण अग्निशमन सेवा की जिम्मेदारियां लगातार बढ़ रही हैं। आग या किसी आपदा के दौरान त्वरित कार्रवाई बेहद जरूरी होती है। ऐसे में पर्याप्त प्रशिक्षित कर्मचारियों और प्रभावी नेतृत्व व्यवस्था से राहत एवं बचाव कार्यों को अधिक तेजी से अंजाम देने में मदद मिल सकती है।
आपात सेवाओं को मिलेगा संस्थागत मजबूती का आधार
दिल्ली के गृह मंत्री आशीष सूद ने कहा कि कैडर पुनर्गठन से अग्निशमन सेवा की कार्यक्षमता बढ़ाने में मदद मिलेगी। उनके अनुसार, राजधानी में अग्नि सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों को देखते हुए पर्याप्त मानव संसाधन और बेहतर निगरानी व्यवस्था जरूरी है। अग्निशमन विभाग केवल आग बुझाने तक सीमित नहीं है, बल्कि दुर्घटनाओं और विभिन्न आपात स्थितियों में भी बचाव कार्य करता है। नए पदों का सृजन इन्हीं जिम्मेदारियों को अधिक प्रभावी ढंग से निभाने की दिशा में उठाया गया कदम है।
चार केंद्रों से 71 अग्निशमन केंद्रों तक पहुंचा विभाग
दिल्ली अग्निशमन सेवा की शुरुआत वर्ष 1942 में चार अग्निशमन केंद्रों, 14 वाहनों एवं उपकरणों और 186 कर्मचारियों के साथ हुई थी। वर्ष 1970 तक केंद्रों की संख्या बढ़कर 14 हो गई। वर्तमान में मुख्यालय और प्रशिक्षण केंद्र सहित विभाग का नेटवर्क 71 अग्निशमन केंद्रों तक विस्तृत है। करीब 1,484 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में सेवाएं देने वाले इस विभाग पर राजधानी के विस्तार के साथ जिम्मेदारियां भी बढ़ी हैं। ऐसे में नए पदों का सृजन दिल्ली की अग्नि सुरक्षा और आपदा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।