Foreign Travel Tax हाल ही में सोशल मीडिया और कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि केंद्र सरकार विदेश यात्रा करने वाले लोगों पर नया टैक्स या सेस लगाने की तैयारी कर रही है। इन खबरों के सामने आने के बाद लोगों के बीच काफी भ्रम की स्थिति बन गई थी। हालांकि अब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने खुद सामने आकर इन रिपोर्ट्स को पूरी तरह गलत और बेबुनियाद बताया है। प्रधानमंत्री ने साफ शब्दों में कहा कि सरकार की ऐसी कोई योजना नहीं है और लोगों को भ्रमित करने वाली खबरों पर भरोसा नहीं करना चाहिए।
पीएम मोदी ने किया रिपोर्ट्स का खंडन
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इन खबरों को लेकर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने वायरल हो रही रिपोर्ट्स के स्क्रीनशॉट साझा करते हुए कहा कि विदेश यात्रा पर अतिरिक्त टैक्स लगाने जैसी कोई बात सरकार के विचाराधीन नहीं है। पीएम मोदी ने कहा कि उनकी सरकार हमेशा जनता की सुविधाओं को बढ़ाने और जीवन को आसान बनाने की दिशा में काम करती रही है। ऐसे में लोगों पर अनावश्यक बोझ डालने का सवाल ही नहीं उठता।
रिपोर्ट्स में क्या किया गया था दावा?
कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया था कि सरकार विदेश यात्रा पर अस्थायी टैक्स लगाने पर विचार कर रही है। दावा यह भी किया गया कि बढ़ती तेल कीमतों और आयात लागत से पैदा हुए आर्थिक दबाव को कम करने के लिए यह कदम उठाया जा सकता है। रिपोर्ट्स के अनुसार यह टैक्स सीमित समय के लिए लागू हो सकता था और इसका पैसा सीधे केंद्र सरकार के पास जाता। हालांकि इस संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई थी।
सरकार का फोकस ‘ईज ऑफ लिविंग’ पर
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने बयान में दोहराया कि सरकार का मुख्य उद्देश्य देश में ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ और ‘ईज ऑफ लिविंग’ को बेहतर बनाना है। उन्होंने कहा कि सरकार आम नागरिकों की परेशानियां कम करने की दिशा में लगातार काम कर रही है। ऐसे में विदेश यात्रा जैसे मामलों पर अतिरिक्त टैक्स लगाने की बातें पूरी तरह भ्रामक हैं। पीएम के बयान के बाद लोगों के बीच फैली भ्रम की स्थिति काफी हद तक साफ हो गई।
रिपोर्ट के बाद मीडिया संस्थान ने मांगी माफी
प्रधानमंत्री के बयान के बाद संबंधित मीडिया संस्थान ने भी अपनी रिपोर्ट को लेकर सफाई दी और माफी मांगी। इसके बाद यह स्पष्ट हो गया कि विदेश यात्राओं पर किसी नए टैक्स को लेकर फिलहाल सरकार की ओर से कोई योजना नहीं बनाई गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि लोगों को ऐसी खबरों पर तुरंत भरोसा करने के बजाय आधिकारिक जानकारी का इंतजार करना चाहिए, ताकि अफवाहों से बचा जा सके।