फ्रांस ने पांच ऐसे लोगों की पहचान की है और उन्हें आइसोलेट किया है जो इबोला वायरस से संक्रमित हो सकते हैं। ये लोग एक डॉक्टर के साथ फ्लाइट में सफर कर रहे थे, जिसका वायरस टेस्ट पॉजिटिव आया था।
रिपब्लिक ऑफ कांगो में काम किया
फ्रांस की स्वास्थ्य मंत्री स्टेफनी रिस्ट ने बुधवार (स्थानीय समय) को कहा कि डॉक्टर ने फ्रांस लौटने से पहले डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो में काम किया था। मंत्री के अनुसार, मरीज एक अनुभवी डॉक्टर है जो एक मिशन से लौटे हैं, जिन्हें पता नहीं था कि उन्हें वायरस हो गया है। जब वह प्लेन में बैठे तो उनमें कोई लक्ष्ण नहीं थे। वह एक डॉक्टर है और विमान में उन्हें सिरदर्द हुआ, इसलिए उन्होंने अलर्ट जारी किया ताकि पेरिस पहुंचने पर उनका ध्यान रखा जा सके।
इन्क्यूबेशन पीरियड का समय है
जैसे ही उनकी फ्लाइट लैंड हुई, उन्हें हॉस्पिटल में आइसोलेशन में रखा गया। मंत्री ने आगे कहा कि वह 21 दिनों तक, जो कि इन्क्यूबेशन पीरियड का समय है, वहीं रहेंगे।
बीमारी के फैलने पर ताजा स्थिति को लेकर अपडेट
यूरोपीय सेंटर फॉर डिजीज प्रिवेंशन एंड कंट्रोल का अनुमान है कि यूरोप में रहने वाले लोगों के लिए संक्रमण का खतरा बहुत कम है। इस बीच, डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (डीआरसी) में इबोला के 1,118 कन्फर्म मामले सामने आए हैं, जिनमें 291 मौतें शामिल हैं। डीआरसी सरकार ने इस बीमारी के फैलने पर ताजा स्थिति को लेकर अपडेट में कहा है।
कॉन्टैक्ट फॉलो-अप रेट 77.1 फीसदी रहा
डीआरसी के संचार और मीडिया मंत्रालय ने बुधवार (स्थानीय समय) को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा की है कि 122 लोग ठीक हो गए हैं, जबकि 408 मरीजों की देखभाल की जा रही है। मंगलवार तक मामले में मृत्यु दर 26 फीसदी था। अपडेट के अनुसार, महामारी विज्ञान निगरानी सक्रिया है, जिससे 138 संदिग्ध मामलों की पहचान हुई है, जबकि कॉन्टैक्ट फॉलो-अप रेट 77.1 फीसदी रहा।