जून महीने की शुरुआत सर्राफा बाजार के लिए बड़ी हलचल लेकर आई है। महीने के पहले कारोबारी दिन सोने और चांदी दोनों की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोना शुरुआती कारोबार में 1,500 रुपये से ज्यादा टूट गया, जबकि चांदी में भी तेज कमजोरी देखने को मिली। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में आई तेजी और निवेशकों की बदलती रणनीति का असर कीमती धातुओं पर पड़ा है। इससे सोना खरीदने की योजना बना रहे लोगों को कुछ राहत मिली है।
एमसीएक्स पर सोने में बड़ी गिरावट
एमसीएक्स पर अगस्त डिलीवरी वाला सोना पिछले कारोबारी सत्र के मुकाबले कमजोर शुरुआत के साथ खुला। शुरुआती कारोबार में इसकी कीमत में 1,500 रुपये से अधिक की गिरावट दर्ज की गई। कारोबार के दौरान सोना और नीचे फिसला, जिससे निवेशकों और कारोबारियों की नजरें बाजार पर टिक गईं। वहीं चांदी में भी कमजोरी बनी रही और शुरुआती घंटों में इसमें भी करीब 1,500 रुपये तक की गिरावट देखने को मिली। हालांकि बाद में कुछ सुधार जरूर हुआ, लेकिन बाजार का रुख कमजोर ही बना रहा।
सर्राफा बाजार में भी नरमी
कमोडिटी बाजार की तरह सर्राफा बाजार में भी सोने के दाम नीचे आए हैं। 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। देश के कई बड़े शहरों में सोना सस्ता हुआ है। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, लखनऊ, कानपुर और जयपुर जैसे शहरों में कीमतों में कमी देखने को मिली। इससे शादी-ब्याह और निवेश के लिए सोना खरीदने वाले ग्राहकों को कुछ राहत मिल सकती है। हालांकि बाजार विशेषज्ञ अभी भी कीमतों में उतार-चढ़ाव की संभावना जता रहे हैं।
ये भी पढ़ें : 1 June से बदल गए कई बड़े नियम! सिलेंडर महंगा, UPI में नया सिस्टम, आपकी जेब पर कितना पड़ेगा असर?
चांदी ने भी बदला रुख
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी कमजोरी दर्ज की गई। एमसीएक्स पर शुरुआती कारोबार में चांदी नीचे फिसली और बाद में भी दबाव में बनी रही। हालांकि चांदी अभी भी ऊंचे स्तर पर कारोबार कर रही है, लेकिन हालिया गिरावट ने खरीदारों का ध्यान अपनी ओर खींचा है। औद्योगिक मांग और वैश्विक संकेतों का असर आने वाले दिनों में चांदी की दिशा तय कर सकता है।
आगे क्या रहेगा बाजार का रुख?
बाजार जानकारों का कहना है कि आने वाले दिनों में वैश्विक आर्थिक घटनाक्रम, कच्चे तेल की कीमतें और अंतरराष्ट्रीय निवेशकों की गतिविधियां सोने-चांदी की चाल तय करेंगी। अगर वैश्विक स्तर पर अनिश्चितता बढ़ती है तो सोने में फिर से तेजी लौट सकती है। फिलहाल महीने की शुरुआत में आई यह गिरावट खरीदारों के लिए राहत भरी खबर मानी जा रही है। ऐसे में निवेशक और ग्राहक दोनों ही अगले कुछ दिनों के बाजार रुख पर नजर बनाए हुए हैं।