हफ्ते के पहले ही दिन सोना निवेशकों को झटका देता नजर आया। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर दिसंबर डिलीवरी वाला गोल्ड फ्यूचर सुबह के शुरुआती कारोबार में 1,389 रुपये से ज्यादा गिर गया। करीब 11:50 बजे तक सोना 1,132 रुपये यानी लगभग 0.92% टूटकर 1,22,429 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा था। इससे पहले पिछले सत्र में इसकी क्लोजिंग 1,23,561 रुपये रही थी और आज बाजार खुला 1,23,114 रुपये पर। कारोबार के शुरुआती घंटों में यह 1,22,172 रुपये के निचले स्तर तक गया और 1,23,580 रुपये तक चढ़ भी चुका है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में मामूली तेजी
वैश्विक बाजार में सोमवार को सोने में हल्की तेजी देखने को मिली। निवेशक इस हफ्ते आने वाले अमेरिकी आर्थिक डेटा का इंतजार कर रहे हैं, जो फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीति पर बड़ी भूमिका निभाएगा। सुबह 0256 GMT पर स्पॉट गोल्ड 0.1% बढ़कर 4,083.92 डॉलर प्रति औंस रहा। हालांकि अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स 0.2% गिरकर 4,085.30 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। जानकारों का कहना है कि बाजार फेड की ओर से नई ब्याज दर संकेतों को लेकर बेहद सतर्क है, इसलिए उतार-चढ़ाव जारी रहने वाला है।
चांदी में भी आई गिरावट
सोने के साथ चांदी की कीमतों में भी गिरावट देखने को मिली। शुरुआती कारोबार में चांदी के वायदा भाव करीब 2,000 रुपये तक टूट गए। शुक्रवार को चांदी 1,56,018 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी, जबकि सोमवार को यह 1,55,105 रुपये पर खुली। इसके बाद शुरुआती घंटों में यह 1,53,310 रुपये के दिन के सबसे निचले स्तर तक फिसली और 1,56,049 रुपये के उच्च स्तर को छुआ। लगातार उतार-चढ़ाव यह संकेत देता है कि निवेशकों में फिलहाल सावधानी का माहौल हावी है।
फेड की टिप्पणियों से दबाव में बुलियन मार्केट
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व अधिकारियों की हालिया ‘हॉकिश’ टिप्पणियों ने दिसंबर में ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदों को काफी कमजोर कर दिया है। परिणामस्वरूप अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोने–चांदी का सेंटीमेंट नरम पड़ा है। नई आर्थिक रिपोर्ट्स की कमी से बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है, जिससे बुलियन मार्केट पर अतिरिक्त दबाव देखा जा रहा है। आगे कीमतों की दिशा काफी हद तक अमेरिकी आर्थिक डेटा और फेड की नीति संकेतों पर निर्भर करेगी।